राष्ट्रीय राजमार्ग-43, जो उमरिया जिले से होकर शहडोल की ओर जाता है, अब विकास मार्ग कम और जानलेवा रास्ता अधिक बनता जा रहा है। मंगलवार देर रात इस मार्ग पर एक दर्दनाक सड़क हादसे में शहडोल निवासी अमित कोरी की मौके पर ही मौत हो गई। यह हादसा पाली थाना क्षेत्र में हुआ, जहां सड़क पर बने गहरे गड्ढों के कारण उनकी बाइक का संतुलन बिगड़ गया और पीछे से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें कुचल दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अमित कोरी पाली से शहडोल की ओर जा रहे थे। मार्ग में कई जगह गहरे गड्ढे हैं, जिससे उनकी बाइक असंतुलित हो गई। इसी दौरान पीछे से आ रहे ट्रक ने टक्कर मार दी। हादसा इतना भीषण था कि अमित की मौके पर ही मौत हो गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पाली थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और ट्रक चालक की तलाश की जा रही है।
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2016 से अधर में लटका एनएच 43 का निर्माण कार्य
यह दुर्घटना एक बार फिर एनएच-43 की बदहाल स्थिति को उजागर करती है। कटनी से गुमला तक जाने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग का यह हिस्सा – शहडोल से उमरिया तक – लगभग 80 किलोमीटर लंबा है। इस मार्ग के चौड़ीकरण और नवीनीकरण का कार्य वर्ष 2016 में शुरू हुआ था, लेकिन नौ साल बीत जाने के बाद भी यह अब तक अधूरा है।
निर्माणाधीन सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं, जो दुर्घटनाओं को न्योता दे रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण एजेंसी एमपीआरडीसी और ठेकेदारों की लापरवाही, घटिया निर्माण सामग्री और धीमी गति से काम के चलते यह मार्ग अब तक कई जानें ले चुका है।
जनता में आक्रोश, दोषियों पर कार्रवाई की मांग
इस हादसे के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश है। नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि निर्माण एजेंसी और जिम्मेदार ठेकेदारों पर सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही मार्ग का निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण कर इसे सुरक्षित बनाया जाए, ताकि भविष्य में कोई और निर्दोष व्यक्ति इस लापरवाही का शिकार न हो।