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Ujjiain News: सिंहस्थ-2028 से पहले बदलेगा उज्जैन का नक्शा, बन रहे 19 बड़े ब्रिज और आरओबी; काम में आई तेजी

Thu, 21 May 2026 05:26 PM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन

सार

लोकनिर्माण विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों में दिसंबर-2026 तक 6 कार्य, मार्च-2027 तक 6 कार्य, जुलाई-2027 तक 4 कार्य, अक्टूबर-2027 तक 1 कार्य और दिसंबर-2027 तक 1 कार्य पूर्ण होने की संभावना है।
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तेजी से चल रहा निर्माण - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व में सिंहस्थ-2028 महापर्व को लेकर उज्जैन में अधोसंरचना विकास कार्य तेज गति से किए जा रहे हैं। शहर को विश्वस्तरीय सुविधाओं से सुसज्जित करने के उद्देश्य से 19 महत्वपूर्ण पुल और रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) बनाए जा रहे हैं, जिनमें से 18 कार्यों पर निर्माण शुरू हो चुका है।

संभागायुक्त एवं सिंहस्थ मेला अधिकारी आशीष सिंह ने बताया कि दिसंबर 2026 तक 6 ब्रिजों का निर्माण पूरा होने की संभावना है। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से उज्जैन की यातायात व्यवस्था अधिक सुगम होगी और शिप्रा नदी के दोनों किनारों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी स्थापित होगी। साथ ही धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान बनेगी।

निर्माणाधीन प्रमुख परियोजनाओं में हरिफाटक से रिंग रोड वाकणकर तक पैरेलल हाई लेवल ब्रिज, तपोभूमि से हामुखेड़ी हाई लेवल ब्रिज, दुर्गादास की छतरी (केडी गेट) से गोंसा रोड तक 4-लेन सबमर्सिबल ब्रिज तथा कार्तिक चौक से शंकराचार्य चौक तक सबमर्सिबल ब्रिज शामिल हैं। इसके अलावा नरसिंह घाट, लाल पुल, ओखलेश्वर, भैरोगढ़ और अन्य घाट क्षेत्रों में भी समानांतर एवं सबमर्सिबल पुल बनाए जा रहे हैं।

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इंदौर-देवास-उज्जैन रेलखंड पर फ्रीगंज, पंचक्रोशी और आईटीआई क्षेत्र में रेलवे ओवर ब्रिज का निर्माण भी किया जा रहा है। लोक निर्माण विभाग के अनुसार दिसंबर-2026 तक 6, मार्च-2027 तक 6, जुलाई-2027 तक 4 और वर्ष 2027 के अंत तक शेष परियोजनाएं पूरी होने की संभावना है। वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी लगातार निर्माण कार्यों की मॉनिटरिंग कर रहे हैं ताकि सभी परियोजनाएं तय समयसीमा और उच्च गुणवत्ता मानकों के साथ पूरी की जा सकें। इन विकास कार्यों के बाद उज्जैन का स्वरूप आधुनिक मेट्रो शहर जैसा दिखाई देगा और सिंहस्थ-2028 में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिल सकेंगी।

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