उज्जैन में आशा कार्यकर्ताएं धरना देने की तैयारी कर रही हैं.
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प्रदेश की आशा कार्यकर्ताएं अपनी मांगों के समर्थन में सड़कों पर उतरने की तैयारी कर रही हैं। उज्जैन में 13 मार्च को आशा कार्यकर्ताएं एक रैली निकालेंगी, तीन घंटे तक धरना देने के बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नाम एक ज्ञापन सौंपेंगी।
आशा एवं सहयोगिनी कार्यकर्ता महासंघ की प्रदेश महामंत्री और राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष सुमन आंजना ने बताया कि आशा कार्यकर्ता और आशा सुपरवाइजर वर्कर्स को राज्य कर्मचारी घोषित किया जाए। वेतनमान बढ़ाने के साथ हमें ईपीएफ और ईएसआई का लाभ देने, आशा कार्यकर्ता और आशा सुपरवाइजर वर्कर्स को न्यूनतम वेतन के दायरे में लाया जाए। 10 लाख का बीमा करने, योग्यता के अनुसार पर्यवेक्षक बनाने, एएनएम पद पर पदोन्नत किए जाने, रिटायरमेंट बेनिफिट के साथ एकमुश्त 5 लाख रुपये दिए जाने के साथ ही वर्ष 2017 में मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान द्वारा किए गए वादे को पूरा करने जैसी मांगें की जा रही हैं।
13 मार्च 2023 को जिले भर में एक दिवसीय हड़ताल की जा रही है। इसमें उज्जैन जिले की 2000 आशा कार्यकर्ता और सुपरवाइजर शामिल होंगे आपने बताया कि 13 सूत्री मांगों को लेकर यह प्रदर्शन पूरे प्रदेशभर में होगा। उज्जैन में चामुंडा माता चौराहा से 13 मार्च को एक रैली निकलेगी जो कि शहर के प्रमुख मार्गो से होती हुई कोठी पहुंचेगी जहां सुबह 11 से 3 बजे तक धरना दिया जाएगा जिसके बाद मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा जाएगा।