विवाहिता ने फंदा लगाकर की आत्महत्या।
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नागझिरी थाना क्षेत्र स्थित महालक्ष्मी नगर में रहने वाली विवाहिता ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। वह माइग्रेन की बीमारी के चलते मानसिक रूप से परेशान थी। आत्महत्या से पूर्व उसके माता-पिता ने फोन कर अपने आने की सूचना देनी चाही, लेकिन माता-पिता के पहुंचने से पहले ही उसने आत्मघाती कदम उठा लिया। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
पुलिस ने बताया महालक्ष्मी नगर में रहने वाली सीमा पति सुरेंद्र पंवार उम्र 35 वर्ष ने दुपट्टे से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सीमा का पति प्रतीक सर्व शिक्षा अभियान शाजापुर मेगं सिविल इंजीनियर है। घटना के समय वह शाजापुर गया हुआ था। घर में सीमा के साथ उसका पुत्र हनी और पुत्री दृष्टि थे। उन्होंने आसपास के लोगों को बुलाकर मां को फंदे से उतारा। सीमा का मायका खातेगांव में है। सुबह पोस्टमॉर्टम के दौरान सीमा के माता-पिता भी मौजूद थे।
उन्होंने बताया कि वे उज्जैन से होते हुए जावरा जा रहे थे। उज्जैन में सीमा के घर पहुंचने से पहले उन्होंने सीमा को कॉल भी किया, लेकिन सीमा ने फोन रिसीव नहीं किया। माता-पिता के पहुंचने से पहले सीमा ने आत्मघाती कदम उठा लिया। बताया जा रहा है कि सीमा खाना बनाने की तैयारी कर रही थी, लेकिन उसके सिर में माइग्रेन का दर्द उठा और वह कमरे में सोने चली गई। इसी दौरान उसने फंदा लगा लिया। उसने बच्चों से कहा कि थोड़ी देर बाद खाना बनाऊंगी। पोस्टमॉर्टम के दौरान परिजनों ने बताया कि सीमा को माइग्रेन की बीमारी थी। कोरोना काल में भी वह काफी बीमार रही। उपचार में 22 लाख से अधिक खर्च हो गया था। इसके बावजूद उसकी बीमारी ठीक नहीं हो रही थी। आशंका जताई जा रही है कि सीमा ने माइग्रेन की बीमारी से परेशान होकर फांसी लगाई। फिलहाल पुलिस मामले में जांच कर रही है।