महाकाल मंदिर के पुजारी महेश शर्मा
श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी महेश शर्मा द्वारा सारिका गुरु और जयराज चौबे को मानहानि का नोटिस भेजा गया है, जिसमें 7 दिवस के भीतर माफी मांगने की बात कही गई है। महेश पुजारी ने कहा कि अगर, उनके द्वारा माफी नहीं मांगी जाती है तो न्यायोचित कार्रवाई की जाएगी।
श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी महेश शर्मा के अनुसार सारिका गुरु और जयराज चौबे द्वारा मंदिरों में जाकर पूजन कार्य आदि में अनावश्यक हस्तक्षेप किया जाता है। पुजारियों को प्रताड़ित करना, डराना, धमकाना और झूठी शिकायत कर मानसिक रूप से प्रताड़ित करते हैं। साथ ही किसी भी मंदिर के पुजारी की मृत्यु के बाद अनाधिकृत रूप से कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से पुजारी बनने की कोशिश भी करते हैं।
महेश पुजारी ने यह भी आरोप लगाया कि सारिका गुरु और जयराज चौबे महाकाल मंदिर समिति की कार्यप्रणाली में अनावश्यक हस्तक्षेप करते हैं। मंदिर के वरिष्ठ पुजारियों के खिलाफ अनर्गल टिप्पणी कर उन्हें गुंडा और अनाधिकृत पुजारी बताते हुए अपशब्दों का प्रयोग करते हुए समाचार पत्रों में गलत जानकारी प्रकाशित करवाते हैं। सारिका गुरु और जयराज चौबे नगर में जालसाजी कर लोगों के मान-सम्मान और प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचा रहे हैं, जिससे नगर के प्रतिष्ठित वर्ग, सेवाभावी लोग, पुजारी, पुरोहित और अधिकारी वर्ग परेशान हैं।
गलत जानकारी छपवाने का आरोप
पिछले दिनों सारिका गुरु और जयराज चौबे ने महाकाल मंदिर के वरिष्ठ पुजारी महेश शर्मा के खिलाफ भ्रामक और गलत जानकारी समाचार पत्र में प्रकाशित करवाई थी, जिससे उन्हें मानसिक परेशानी के साथ सामाजिक प्रतिष्ठा को भी नुकसान हुआ। इसी कारण महेश पुजारी ने अपने मान-सम्मान और प्रतिष्ठा की रक्षा के लिए न्यायालय की शरण ली है। उन्होंने अपने अधिवक्ता के माध्यम से सारिका गुरु और जयराज चौबे को मानहानि नोटिस जारी किया है, जिसमें उन पर लगाए गए आरोपों का हवाला देते हुए 7 दिवस का समय दिया गया है। यदि 7 दिन के भीतर सारिका गुरु और जयराज चौबे लिखित माफीनामा प्रस्तुत नहीं करते हैं, तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिसकी समस्त जवाबदारी सारिका गुरु और जयराज चौबे की रहेगी।