सुप्रीम कोर्ट द्वारा सोशल मीडिया पर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर दिए गए निर्णय के एक साल बाद ही मध्यप्रदेश में दो युवकों को सिर्फ इसलिए जेल भेज दिया गया क्योंकि उन्होंने आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की आपत्तिजनक तस्वीर को सोशल मीडिया पर शेयर कर दिया था।
इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार मामले में खारगौन जिले के दो युवकों के खिलाफ हिंदू भावनाओं से छेड़छाड़ करने की शिकायत दर्ज कराई गई थी। जिसके बाद पुलिस ने भीखनगांव निवासी 22 साल के युनूस बंथिया और 21 साल के खरगौन निवासी वसीम शेख के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया। दोनों युवकों पर आरोप था कि उन्होंने भागवत की एक तस्वीर को एक महिला के साथ जोड़ते हुए वाट्सएप पर शेयर किया था।
असल में यह तस्वीर आरएसएस के उस निर्णय के संदर्भ में जारी की गई थी जिसमें पिछले सप्ताह ही संगठन ने अपना ड्रेस कोड बदलने का निर्णय लिया था। पुलिस के अनुसर आरोपियों के खिलाफ इन्फोर्मेशन टेक्नालॉजी एक्ट के सेक्शन 67 की धारा 505(2) के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया था।