रीवा में मनरेगा के तहत काम कर रहे मजदूरों में उद्धव ठाकरे, रमन सिंह, महात्मा गांधी और और जगजीत सिंह भी शामिल हैं। इन स्मार्टकार्ड पर नाम किसी और के हैं और तस्वीरें गांधी जैसे नेताओं की छपी हुई हैं।
इनमें से कुछ कार्ड ऐसे भी हैं जिनमें बॉलीवुड के सेलेब्रिटीज की तस्वीरें हैं और नाम वहीं के किसी अन्य व्यक्ति का।
ये कार्ड्स यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की आर्थिक योजनाओं द्वारा 2009-10 में बांटे गए थे।
मनरेगा के मजदूरों के लिए कार्ड बनाने का काम बाहर की एक कंपनी फीनो को दिया गया था। बाद में इन कार्ड्स का इस्तेमाल रोजगार योजना के वेतन बांटने में किया जाने लगा था।
पर पता चला कि रमन सिंह की तस्वीर वाला कार्ड, कैथा गांव के मंगल सेन के नाम पर जारी किया हुआ है। ऐसे ही जगजीत सिंह की तस्वीर वाला कार्ड कैथा गांव के ही राहुल दुबे के नाम पर जारी है।
इस मामले में जिले के कलेक्टर शिव नारायण रूपल का कहना है कि,"मुझे नहीं लगता कि इन कार्ड्स में किसी जानी पहचानी सेलेब्रिटी की फोटो इस्तेमाल हुई होगी। हमने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के जनरल मैनेजर को इस घटना की जांच करने के लिए निर्देश दे दिए हैं।"
मामले पर यूनियन बैंक ऑफ इंडिया रीवा के असिस्टेंट जनरल मैनेजर एस.के.सिंह ने कहा," कि इन कार्ड पर धारकों के अंगूठों के निशान भी हैं इसलिए इस बात की संभावना कम है कि इन कार्ड्स का कोई गलत इस्तेमाल हुआ हो।