शहडोल-उमरिया रेल खंड में घुनघुटी स्टेशन से महज चंद मीटर आगे किलो मीटर 932/ 25-27 के बीच थर्ड लाइन के 25,000 केवी का ओवर हेड वायर (ओएचई) बुधवार रात करीब साढ़े 12 बजे के आसपास टूटकर अप और डाउन लाइन के ओएचई पर गिर गया। उसके बाद तेज आवाज के साथ लाइन में ब्लास्ट हुआ और पॉवर कट हो गया, जिस कारण रात में उक्त मार्ग से गुजरने वाली अधिकांश गाड़ियां अलग-अलग स्टेशनों में तीन से चार घंटे खड़ी रही।
हालांकि, आरपीएफ अमले द्वारा की जा रही प्रारंभिक जांच मे यह बात सामने आई है कि अज्ञात चोरों द्वारा ऑफ थर्ड लाइन के ओएचई को काटकर चुराने का प्रयास किया जा रहा था। जो कि तांबे की होती है। लेकिन एक ओर से जैसे ही केबल काटी गई, वह छिटककर अप एयर डाउन लाइन की ओएचई केबल पर गिर गई, जिसके बाद ब्लास्ट हुआ और लाइन का पावर ऑफ हो गया।
रात में ही सुधार कार्य
जानकारी लगने के बाद के बाद रेलवे विभाग के अमले द्वारा तूफानी रफ़्तार से सबसे पहले अस्थाई तौर पर सिंगल लाइन सुधार कार्य (टीएसएल) किया गया। उसके बाद पहले डाउन लाइन की गाड़ियों को फिर अप लाइन की गाड़ियों को डाउन लाइन से एक-एक करके गंतव्य की ओर रवाना कर दिया गया।
तीन से चार घंटे यहां खड़ी रही ट्रेनें
पॉवर ब्रेक होने के बाद अमरकंटक एक्सप्रेस को शहडोल, बिलासपुर भोपाल पैसेंजर को सिंहपुर, दुर्ग- छपरा सारनाथ एक्सप्रेस को अमलाई तथा नवतनवा एक्सप्रेस को बुढार रेलवे स्टेशन में करीब तीन से चार घंटे तक खड़े रखा गया। टीएसएल होने के बाद सभी गाड़ियों को गंतव्य की ओर रवाना किया गया। वहीं, शहडोल से नागपुर ट्रेन को भी करीब डेढ़ घंटे विलंब से शहडोल से रवाना किया गया। इस दौरान इन सभी ट्रेनों के यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
आज इन ट्रेनों को कर दिया गया रद्द
रात में सुधार कार्य के बाद अप और डाउन लाइन की लंबी दूरी की सारी ट्रेनों को तो गंतव्य की ओर विलंब से रवाना कर दिया गया। लेकिन गुरुवार को बिलासपुर-कटनी रेल खंड के बीच चलने वाली अधिकांश ट्रेनों को रद्द कर दिया गया। आज जिन यात्री ट्रेनों को रद्द किया गया, उनमें बिलासपुर कटनी, चिरी मिरी-चंदिया, चिर मिरी-कटनी अप डाउन की ट्रेन शामिल है। अचानक इन ट्रेनों के रद्द किए जाने के कारण सैकड़ों यात्रियों को इसकी जानकारी नहीं होने की वजह से स्टेशनों से लौटना पड़ा।
जिम्मेदारों के बोल
इस संबंध में जब दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर जोन के जनसंपर्क अधिकारी अम्बिकेश साहू से बात की गई तो उन्होंने कहा कि तकनीकी खामी के कारण कभी-कभी ओएचई केबल में दिक्कत आ जाती है। वहीं, दूसरी ओर आरपीएफ शहडोल थाना प्रभारी मनीष कुमार से जब बात की गई तो उन्होंने कहा कि मौके पर हम लोग जांच पड़ताल कर रहे हैं। प्रथम दृश्य यह चोरों की हरकत लग रही है। जांच के बाद और तथ्य सामने आने के बाद आगे कार्रवाई की जाएगी।