Sehore: सीहोर में स्वच्ठता अभियान की शुरुआत की गई
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साफ-सफाई एक साधना की तरह है। स्वच्छता में ही ईश्वर का वास होता है। जिस प्रकार हम अपने घर को साफ रखते हैं, उसी प्रकार गली और मोहल्लों को भी साफ रखें। यदि सब जगह स्वच्छता होगी तो मनुष्य का स्वास्थ्य भी खराब नहीं होगा। बीमारी फैलने का प्रमुख कारण गंदगी है। घर के कचरे को निर्धारित स्थान पर ही डालना चाहिए।
यह बात शहर के सैकड़ाखेड़ी स्थित संकल्प नशा मुक्ति केन्द्र के द्वारा स्वच्छता अभियान की शुरुआत के दौरान मुख्य अतिथि के रूप में स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर भूषण पंडित प्रदीप मिश्रा ने कही। उन्होंने कहा कि जहां स्वच्छता है वहीं श्रीराम हैं। भीलनी शबरी अपने निवास स्थान को बड़ा स्वच्छ और साफ रखती थी, इसलिए श्रीराम को वहां जाना पड़ा था। स्वच्छता ही सेवा है। इससे मन प्रसन्न तथा वातावरण पवित्र रहता है। साथ ही ऐसे माहौल में रहने से मन में स्वच्छ विचार उत्पन्न होता है। इसीलिए हमें अपने आसपास के वातावरण एवं परिवार को स्वच्छ रखने की जरूरत है। गंदगी सभी रोगों की जड़ है। इसके लिए लोगों को जागरूक करना होगा। मिश्रा ने शहर को गंदगी मुक्त रखने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य नगर पालिका अधिकारी संदीप श्रीवास्तव ने कहा कि स्वच्छता मन से होना आवश्यक है। मन की स्वच्छता से ही बाहर की स्वच्छता है। केन्द्र के संचालक राहुल सिंह ने कहा कि संकल्प नशा मुक्ति केन्द्र में स्वच्छता का ख्याल रखा जाता है, इसलिए यहां उपचार हेतु आने वाले नषा पीड़ित शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर अपने घर वापस जाते हैं।