सागर जिले के मालथौन थाना क्षेत्र अंतर्गत मढ़ैयामाफी गांव में संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा को अज्ञात असामाजिक तत्वों द्वारा क्षतिग्रस्त करने का शर्मनाक मामला सामने आया है। रविवार सुबह जैसे ही यह खबर फैली, पूरे क्षेत्र में तनाव की स्थिति निर्मित हो गई। आक्रोशित भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं और बाबा साहब के अनुयायियों ने मालथौन-खिमलासा मार्ग पर चक्काजाम कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
रात के अंधेरे में रची गई साजिश
जानकारी के अनुसार, घटना शनिवार-रविवार की दरम्यानी रात की है। रविवार सुबह जब ग्रामीण प्रतिमा स्थल के पास पहुंचे, तो उन्होंने बाबा साहब की मूर्ति को क्षतिग्रस्त पाया। देखते ही देखते मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और ग्रामीण धरने पर बैठ गए। घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम मनोज चौरसिया और पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को संभालने का प्रयास किया।
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सड़क पर उतरा आक्रोश, घंटों बाधित रहा आवागमन
मढ़ैयामाफी गांव में आक्रोश जताने के बाद भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी के सदस्य मालथौन पहुंचे। यहां खिमलासा रोड पर अनुयायियों ने चक्काजाम कर दिया। करीब एक घंटे से अधिक समय तक सड़क पर प्रदर्शन चलता रहा, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया। प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और पुलिस प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।
दोषियों पर होगी ऐसी कार्रवाई जो मिसाल बनेगी: एसडीएम
मौके पर मौजूद एसडीएम मनोज चौरसिया ने ग्रामीणों को समझाते हुए कहा कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि असामाजिक तत्वों को जल्द पकड़ लिया जाएगा और उनके खिलाफ ऐसी कठोर कार्रवाई की जाएगी जो दूसरों के लिए उदाहरण बनेगी। प्रशासन ने गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए नई प्रतिमा स्थापित करने की बात भी कही है।
आंदोलन की चेतावनी
भीम आर्मी के अध्यक्ष प्रशांत अहिरवार ने प्रशासन को दो टूक चेतावनी देते हुए कहा कि यदि दोषियों को शीघ्र गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे नहीं भेजा गया, तो संगठन बड़े स्तर पर आंदोलन छेड़ेगा। वर्तमान में गांव में शांति बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है और पुलिस संदिग्धों की तलाश में जुटी है।