मध्य प्रदेश में चार दिनों के भीतर भाजपा के दो नेताओं की हत्या पर अब सियासत हो रही है। सोमवार को भाजपा ने प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन कर मुख्यमंत्री कमलनाथ के पुतले जलाए, वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने यह कहकर भाजपा पर पलटवार किया कि जमीनों के हेरफेर और पैसों के लेनदेन में घपलों के कारण हत्याएं हुई हैं।
गौरतलब है कि बीते बृहस्पतिवार को मंदसौर में नगरपालिका अध्यक्ष प्रहलाद बंधवार की हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने जिस युवक मनीष बैरागी को उनकी हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है, वह भाजपा का कार्यकर्ता है और उसने बताया है कि बंधवार के चुनाव में उसने काफी पैसा खर्च किया था। लेकिन बंधवार पैसा वापस नहीं लौटा रहे थे। बैरागी नगरपालिका की कुछ प्रॉपर्टी का नामांतरण भी अपने नाम कराना चाहता था। इसी को लेकर दोनों में विवाद हुआ था।
दूसरी घटना रविवार को बड़वानी जिले में हुई, जहां पार्टी के बलवाड़ी मंडल अध्यक्ष मनोज ठाकरे की सिर कुचलकर हत्या कर दी गई। एक खेत में उनका शव पड़ा मिला था। इस मामले में अभी किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। इसके पहले इंदौर में एक बडे़ कारोबारी की सुपारी किलर्स ने हत्या कर दी थी।
लेनदेन के विवाद में हुए इस मर्डर में कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। इस दौरान भाजपा ने बढ़ती हत्याओं के खिलाफ सोमवार को प्रदेश में विरोध प्रदर्शन किया और जगह-जगह मुख्यमंत्री के पुतले फूंके। पार्टी का कहना है कि यदि सरकार ने अपराधों पर लगाम नहीं लगाया तो वह सड़कों पर उतरेगी।