मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस और बीजेपी दोनों की नजर विंध्य इलाके पर है। ये वही इलाका है, जिसने साल 2018 में कांग्रेस की जीत में साथ नहीं दिया था। वो बीजेपी के साथ रहा था। इसलिए कांग्रेस अब यहां अपनी खोई हुई जमीन तलाश रही है। यहां संगठन को मजबूत बनाने की जिम्मेदारी पार्टी के वरिष्ठ नेता पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह को सौंपी गई है, वो आज से विंध्य का दौरा शुरू कर रहे हैं।
विंध्य में बीजेपी को मजबूत करने में लगी बीजेपी का रास्ता दिग्विजय सिंह रोकेंगे। 24 फरवरी को अमित शाह के दौरे के बाद अब आज दिग्विजय सिंह सतना पहुंचे हैं। वो संगठन को मजबूत करने के लिए पार्टी के अलग-अलग धड़ों के नेताओं से मिलेंगे और सभी प्रकोष्ठों की बैठक लेंगे। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, तिरविका सिंह आज पूर्व मंत्री शहीद अहमद के घर पहुंचकर उन्हें कांग्रेस में लाने के संकेत मिल चुके हैं। विधानसभा चुनाव में उतरने से पहले ये पार्टी की जड़ों को मजबूत करने की कवायद है।
संगठन से चर्चा...
दिग्विजय सिंह आज सतना पहुंचे और यहां आरएस रिसोर्ट सतना में विधायक डब्बू कुशवाहा और जिला पंचायत सदस्य संध्या कुशवाहा, गजेंद्र सिंह गुड्डू परसवारा किसान मोर्चा प्रदेश उपाध्यक्ष व कार्यकर्ताओं के साथ बैठक चर्चा करने के बाद रामपुर बघेलान में मंडलम सेक्टर के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे। वो कांग्रेस के कार्यकर्ताओं, नगर पालिका, जनपद जिला पंचायत सदस्यों, सेवादल, महिला कांग्रेस, युवक कांग्रेस के साथ एनएसयूआई और अन्य दूसरे प्रकोष्ठ के सदस्यों के साथ बैठक कर संगठन की मजबूती के लिए विचार करेंगे।
जहां कांग्रेस लगातार हारी...
दिग्विजय सिंह 10 मार्च को सतना में बैठक कर इसके बाद 11 मार्च को रीवा में संगठन की बैठक लेंगे। 12 मार्च को मनगवां और त्योंथर में संगठन की बैठक करेंगे। इसके बाद दिग्विजय सिंह 17 से 19 मार्च तक दतिया, शिवपुरी और गुना में भी संगठन की बैठक करेंगे। राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के बाद अब दिग्विजय सिंह विधानसभा चुनाव की तैयारी में जुट गए हैं। इसके लिए सबसे पहले उन सीटों पर फोकस किया जा रहा है, जहां कांग्रेस को लगातार हार का सामना करना पड़ रहा है। यही वजह है कि संगठन के ढांचे को सुधारने के लिए दिग्विजय सिंह अब स्थानीय दौरे कर रहे हैं।
विंध्य तय करेगा हार-जीत...
पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने कहा, दिग्विजय सिंह के दौरे पहले से तय हैं कि वो संगठन के लिहाज से विंध्य जा रहे हैं। दिग्विजय सिंह के दौरे से बीजेपी घबराई हुई है। विंध्य में इस बार कांग्रेस जीत का परचम फहराएगी। साल 2018 के चुनाव में कांग्रेस को विंध्य इलाके में ही हार का सामना करना पड़ा था। यही वजह है कि कांग्रेस इस बार विंध्य इलाके पर अपनी पकड़ मजबूत करने में लगी है। बीजेपी भी अपनी पकड़ बनाए रखने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती। मतलब साफ है कि साल 2023 के चुनाव में विंध्य का इलाका बीजेपी और कांग्रेस की हार और जीत तय करेगी।
दिग्विजय सिंह की प्रेस वार्ता...
शुक्रवार सुबह रेवांचल एक्सप्रेस से दिग्विजय सिंह सतना पहुंचकर सबसे पहले पत्रकार वार्ता की। पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने बीजेपी सरकार पर जमकर निशाना साधा और शिवराज सिंह पर तंज कसते हुए कहा कि चुनाव आते ही लाडली बहनों का ख्याल आया। इसलिए लाडली बहन योजना चालू की गई। दिग्विजय सिंह ने कहा कि बीजेपी ने गौसेवा आयोग खत्म करने का काम किया। आलम यह है कि गौशाला में गाये भूख से मर रही, बीजेपी सरकार में महगाई चरम पर है। इतना ही नहीं ये भी आरोप लगाया कि बीजेपी राजनीति के लिए धर्म का दुरुपयोग कर रही है। बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा, अदिवासियों पर खर्च होने वाले पैसों को बड़े-बड़े पंडालों में खर्च किया जा रहा है। वहीं, गृहमंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए कहा, उनका लक्ष्य केवल कैसे खरीद फरोख्त कर सत्ता हासिल करें, का है। वहीं, आने वाले चुनाव में कांग्रेस की सरकार बनने का दावा किया।
'करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे'
आदिवासियों को लुभाने के लिए प्रदेश सरकार गृहमंत्री अमित शाह के बड़े-बड़े आयोजन कर रही है और आदिवासियों के हक के करोड़ों रुपए खर्च किए जा रहे हैं। देश में महंगाई और बेरोजगारी बढ़ती जा रही है। अगर कोई सवाल करता है तो जवाब में मंदिर-मस्जिद और हिंदू मुसलमान होने लगता है। स्थानीय मुद्दों पर चर्चा करते हुए कहा कि सतना में और पन्ना में आदिवासियों की जमीनों को बीजेपी नेता औने-पौने दामों पर खरीदकर पांच गुना कीमतों पर बेच रहे हैं। कलेक्टर बीजेपी के नेताओं को इसकी अनुमति दे रहे हैं।
सतना सर्किट हाउस चौक में खुलेआम गोली मारकर मुनीम से 22 लाख रुपये लुटकर लुटेरे फरार हो गये और पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठे रही। दिग्विजय ने न सिर्फ सरकार की योजनाओं पर कटाक्ष किया। बल्कि नरोत्तम मिश्रा पर भी आरोप लगाया। कहा कि उन्हें दीपिका पादुकोण कौन से कपड़े पहनी हैं, यह दिख गया। लेकिन बीजेपी नेताओं द्वारा आयोजित कार्यक्रम में बजरंगबली के सामने अश्लील डांस नहीं दिखा।