मध्यप्रदेश में अब तक अगस्त माह की सामान्य बारिश से 21% अधिक पानी गिर चुका है। भोपाल में सीजन का बारिश का कोटा 46 दिन पहले ही पूरा हो हो गया। इस बार 27 से ज्यादा बांध लबालब भर चुके है, जिनके गेट खोलने पड़े है। वहीं, नर्मदा समेत बड़ी नदियां खतरे के निशान के पास बह रही है।
मध्यप्रदेश में जून से सितंबर माह के बीच चार महीने में सामान्य 940.6 एमएम बारिश होती है। 16 अगस्त तक प्रदेश में 630.5 एमएम बारिश को अनुमान है। इस बार अब तक 762.4 एमएम बारिश हो चुकी है। जो कि अगस्त माह की सामान्य बारिश से 21% से अधिक है। भोपाल जिले में इस सीजन की बारिश का कोटा ही पूरा हो गया है। यहां सीजन में 998.6 एमएम बारिश होती है। वहीं, 16 अगस्त तक 634.1 एमएम सामान्य बारिश का अनुमान था। यहां पर अब तक 1228.4 एमएम बारिश हो चुकी है। वहीं, प्रदेश में सबसे कम बारिश सीधी में दर्ज हुई है। यहां पर सामान्य 647.2 एमएम बारिश की तुलना में अभी 383 एमएम बारिश की दर्ज हुई है।
यहां सबसे ज्यादा बारिश
प्रदेश में 16 अगस्त तक सामान्य बारिश की तुलना में ज्यादा बारिश पांच जिलों में दर्ज की गई है। इसमें भोपाल में 94% अधिक, बैतूल में 79% अधिक, छिंदवाड़ा में 78% अधिक, राजगढ़ में 69% और देवास में 66% अधिक ।
इन जिलों में अभी कम
प्रदेश में 16 अगस्त तक सामान्य बारिश की तुलना में सबसे कम बारिश आठ जिलों में रिपोर्ट हुई है। इसमें सामान्य से सीधी में 41% कम, रीवा में 40% कम, दतिया में 35% कम, अलीराजपुर में 32% कम, सिंगरौली में 29% कम, टीकमगढ़ में 26% कम, डिंडौरी में 20% कम और निवाड़ी में 10% कम हुई।
चार महानगरों की स्थिति
- भोपाल – यहां सीजन में 998.6 एमएम बारिश होती है। 16 अगस्त तक सामान्य वर्षा 634.1 एमएम होने का अनुमान होता है। अब तक राजधानी में 1228.4 एमएम बारिश हो चुकी है।
- इंदौर- यहां पूरे सीजन में 839.7 एमएम बारिश होती है। 16 अगस्त तक शहर में 562.2 एमएम बारिश का अनुमान होता है। अब तक 699.7 एमएम बारिश हो चुकी है। यानी इस माह तक सामान्य से 5 प्रतिशत अधिक।
- ग्वालियर- यहां पूरे सीजन में 790.0 एमएम बारिश होती है। 16 अगस्त तक शहर में 460.2 एमएम बारिश का अनुमान था। अब तक 481.7 एमएम बारिश हो चुकी है। जोकि अगस्त माह की सामान्य बारिश से 6% अधिक है।
- जबलपुर- यहां पूरे सीजन में 1090.3 एमएम बारिश होती है। 16 अगस्त तक सामान्य बारिश 741.5 होने का अनुमान था, लेकिन यहां पर अब तक 699.5 एमएम बारिश ही दर्ज हुई है। जोकि अगस्त माह के सामान्य से 6% कम है।
प्रदेश के 27 से अधिक बांध लबालब
प्रदेश में लगातार हो रही बारिश से प्रदेश के कई बांध लबालब भर गए है। जलसंसाधन विभाग के बांध समेत 27 बांधों के गेट खोले गए हैं। इसमें भोपाल के केरवा, कलयासोत डेम भी शामिल है। बरगी के 21 गेटल खुले हैं। तवा के 13 में से 5 गेट खुले हुए हैं।
नर्मदा समेत कई नदियां उफान पर
प्रदेश की नर्मदा नदी समेत पार्वती, बेतवा, केन, टेम्स और चंबल नदी मंगलवार को डेंजर लेवल के करीब बह रही हैं।
- पार्वती नदी का डेंजर लेवल मकसुदनगर गुना में 409.96 मीटर है। दोपहर 12 बजे नदी 408.90 मीटर के लेवल पर बह रही थी।
- बेतवा का रायसेन के नीमखेड़ा में डेंजर लेवल 431.50 मीटर है, जो मंगलवार दोपहर 12 बजे 426.25 मीटर लेवल पर बह रही थी।
- नर्मदा नदी का डेंजर लेवल होशंगाबाद के सेठानी घाट पर 293.83 मीटर है, जो दोपहर 12 बजे 294.55 मीटर पर बह रही थी।
- केन नदी का डेंजर लेवल पन्ना के पंडवान में 296.75 मीटर है, जो दोपहर 12 बजे 292.20 मीटर लेवल पर बह रही थी।
- टेम्स नदी का डेंजर लेवल सतना के मैहर में 323.90 मीटर है, जो दोपहर 12 बजे 319.05 मीटर लेवल पर बह रही थी।
- चंबल नंदी का डेंजर लेवल उज्जैन के नागदा में 460.90 मीटर है, जो दोपहर 12 बजे 451.70 मीटर लेवल पर बह रही थी।