MP: बरात लौटने के बाद शुक्रवार रात कुछ लोगों की हालत ज्यादा गंभीर हो गई, जिसके बाद उन्हें दलौदा और मंदसौर के अस्पतालों में भर्ती कराया गया। शनिवार सुबह मरीजों की संख्या अचानक बढ़ने पर प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की और स्वास्थ्य विभाग की टीम को फतेहगढ़ भेजा।
मंदसौर जिले के फतेहगढ़ गांव में गुरुवार रात एक शादी समारोह जश्न की जगह अफरातफरी में बदल गया। शादी में परोसी गई दूषित मिठाई खाने से करीब 500 लोग फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए। सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और गांव में मेडिकल टीम भेजकर स्थानीय धर्मशाला और स्कूल को अस्थायी अस्पताल में बदल दिया गया।
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शादी के जश्न में पसरा मातम
फतेहगढ़ निवासी मुकेश ठन्ना के बेटे की शादी में सैकड़ों ग्रामीण शामिल हुए थे। खाना खाने के कुछ देर बाद ही मेहमानों की तबीयत बिगड़ने लगी। पहले तो कई लोगों ने गांव में ही स्थानीय स्तर पर इलाज करवाया, लेकिन बरात के नाहरगढ़ पहुंचते ही वहां भी लोगों को उल्टी-दस्त और बेचैनी की शिकायत होने लगी। बताया जा रहा है कि दूषित दूध से बनी रसमलाई खाने के बाद ही अधिकांश लोगों की तबीयत बिगड़ी। यह दूध दलौदा स्थित श्रीराम डेयरी से मंगवाया गया था।
हालात बिगड़े तो अस्पतालों का रुख
बरात लौटने के बाद शुक्रवार रात कुछ लोगों की हालत ज्यादा गंभीर हो गई, जिसके बाद उन्हें दलौदा और मंदसौर के अस्पतालों में भर्ती कराया गया। शनिवार सुबह मरीजों की संख्या अचानक बढ़ने पर प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की और स्वास्थ्य विभाग की टीम को फतेहगढ़ भेजा। गांव की धाकड़ समाज धर्मशाला और स्कूल को इलाज केंद्र बनाया गया, जहां डॉक्टरों की टीम ने मरीजों का प्राथमिक उपचार शुरू किया।
सांसद और विधायक ने लिया जायजा, CMHO की गैरमौजूदगी पर नाराजगी
स्थिति की जानकारी मिलते ही सांसद सुधीर गुप्ता और विधायक विपिन जैन गांव पहुंचे और मरीजों से बातचीत कर स्थिति का जायजा लिया। सांसद गुप्ता ने सीएमएचओ डॉ. जीएस चौहान की गैरमौजूदगी पर नाराजगी जताई और मेडिकल सुविधाएं तत्काल बढ़ाने के निर्देश दिए। प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दलौदा स्थित श्रीराम दूध डेयरी को सील कर दिया है। खाद्य विभाग ने दूध के सैंपल जांच के लिए भेजे हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।