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Mandla News: प्रभारी लैम्पस प्रबंधक की पत्नी की बीज दुकान सील, लाइसेंस निरस्त

Thu, 02 Jul 2026 09:45 PM IST
मंडला ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मंडला

सार

स्थानीय लोगों का आरोप है कि कार्रवाई के दौरान लैम्पस प्रभारी एस.एन. चौकसे अपनी पत्नी की दुकान से किसानों को बीज बेचते पाए गए। अधिकारियों के पहुंचने पर उनकी पत्नी ने कार्रवाई नहीं करने का अनुरोध भी किया।
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बीज दुकान सील - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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डिंडौरी जिले के विक्रमपुर में कृषि विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रभारी लैम्पस प्रबंधक एस.एन. चौकसे की पत्नी सुमन चौकसे के बीज भंडार की दुकान का लाइसेंस निरस्त कर उसे सील कर दिया है। यह कार्रवाई निरीक्षण के दौरान मिली अनियमितताओं और जब्त की गई सामग्री गायब मिलने के बाद की गई।
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जानकारी के अनुसार खरीफ सीजन में खाद-बीज की बिक्री की जांच के लिए गठित टीम ने 11 जून को दुकान का निरीक्षण किया था। जांच के दौरान बिना वैध अनुमति के पेस्टिसाइड और फर्टिलाइजर का भंडारण पाया गया। अधिकारियों ने 3.5 लीटर तरल पेस्टीसाइड, 9.92 किलोग्राम पाउडर पेस्टीसाइड और 69.6 किलोग्राम फर्टिलाइजर जब्त कर पंचनामा तैयार किया था।

इसके बाद 30 जून को कृषि विभाग की टीम दोबारा जब्त सामग्री का सत्यापन करने पहुंची, लेकिन जब्त किया गया सामान दुकान में नहीं मिला। इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए विभाग ने दुकान का लाइसेंस निरस्त कर उसे सील कर दिया। उपसंचालक संजय दोशी ने बताया कि नियमानुसार दुकानदार को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाएगा।
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स्थानीय लोगों का आरोप है कि कार्रवाई के दौरान लैम्पस प्रभारी एस.एन. चौकसे अपनी पत्नी की दुकान से किसानों को बीज बेचते पाए गए। अधिकारियों के पहुंचने पर उनकी पत्नी ने कार्रवाई नहीं करने का अनुरोध भी किया।

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वहीं खमरिया गांव के किसान हेमराज मरकाम सहित अन्य किसानों ने आरोप लगाया कि लैम्पस से समय पर खाद और बीज नहीं मिलने के कारण उन्हें निजी दुकानों से अधिक कीमत पर सामग्री खरीदनी पड़ रही है, जिससे खेती की लागत बढ़ रही है।
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इधर लैम्पस प्रबंधन का कहना है कि सोसायटी में डीएपी और यूरिया का पुराना स्टॉक उपलब्ध है, लेकिन आवश्यक विषय विशेषज्ञों की कमी के कारण खाद का वितरण फिलहाल रुका हुआ है। प्रबंधन के अनुसार लाइसेंस नवीनीकरण की प्रक्रिया जारी है और अगले दो-तीन दिनों में प्रक्रिया पूरी होने के बाद किसानों को खाद का वितरण शुरू कर दिया जाएगा।
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