बड़वाह नगर सहित देश के बड़े सन्तों में से एक जगद्गुरु माउली सरकार के नाम से प्रसिद्ध संत को एक धमकी भरा खत मिला है, जिसमें उन्हें अयोध्या आने जाने के मार्ग में जान से मार दिए जाने की धमकी दी गई है। उन्हें यह खत अमरावती जिले के रुकमणि विदर्भ पीठ कोंडन्यपूर स्थित आश्रम में मिला है।
बता दें कि जगद्गुरु बीते डेढ़ माह से अपनी मुख्य पीठ पर इसी आश्रम में है। खत में उल्लेख किया गया है की वे अपने बयानों में आदिवासी हिन्दू समाज एवं धर्म, राष्ट्र जागरण की बार-बार बात कर रहे है। जिसे लेकर ही उन्हें यह धमकी भरा खत अज्ञात लोगों ने भेजा है। इतना ही नहीं इस खत में उन्हें अयोध्या से आने-जाने के दौरान जान से मारने की धमकी दी गई है। हालाँकि इस संबंध में जगद्गुरु ने कहा की वे संत है और संत का जीवन राष्ट्र एवं धर्म को समर्पित रहता है। वे अपने धर्म एवं देश जागरण के कार्य में पूरी ताकत के साथ जुटे रहेंगे। साथ ही प्रभु राम के दर्शन के लिए भी अवश्य जाएंगे।
पुलिस छानबीन में जुटी
जगद्गुरु ने मीडिया से चर्चा में बताया की यह खत शुक्रवार शाम करीब 5 बजे उनके गादी स्थान पर आश्रम ट्रस्ट के अध्यक्ष सुरेश पाटिल को मिला है। चूँकि आश्रम ट्रस्ट की मीटिंग थी तो उस समय सभी ट्रस्टी मौजूद थे। लेकिन इस दौरान जगद्गुरु आश्रम में मौजूद नहीं थे। शाम 6 बजे जब वे आश्रम लौटे तो उन्हें यह खत सुरेश पाटिल द्वारा बताया गया। हालांकि उन्होंने बताया कि वे हिन्दू है, हिन्दू जागरण, धर्म प्रचार उनका धर्म है। वे किसी भी धमकियों से डरने वाले नहीं है। इस धमकी भरे खत की शिकायत आश्रम ट्रस्ट के सदस्यों ने क्षेत्र के कुर्रा पुलिस थाने में की है। जिसे लेकर स्थानीय महाराष्ट्र पुलिस भी छानबीन कर रही है।