फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MP Politics: विजयवर्गीय ने की पीएम की तारीफ, बोले- नए संसद में राजदंड स्थापित कर मोदी ने कायम की सनातन परंपरा

Tue, 30 May 2023 10:46 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, खरगोन

सार

कैलाश विजयवर्गीय मंगलवार को खरगोन जिले के बड़वाह पहुंचे थे। उन्होंने संत समागम में भाग लिया था। कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि ऐसा प्रधानमंत्री पिछले 70 सालों में आपने नहीं देखा होगा। 
विज्ञापन
कैलाश विजयवर्गीय (फाइल फोटो) - फोटो : Facebook
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जमकर तारीफ की। विजयवर्गीय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नए संसद भवन में धर्म का राजदंड स्थापित कर सनातन परंपरा कायम की है। 
विज्ञापन


बता दें कि कैलाश विजयवर्गीय मंगलवार को खरगोन जिले के बड़वाह पहुंचे थे। उन्होंने संत समागम में भाग लिया। उन्होंने कहा कि ऐसा प्रधानमंत्री पिछले 70 सालों में आपने नहीं देखा होगा। प्रधानमंत्री ने वैदिक पद्धति से उद्घाटन कर राजदंड के प्रति दंडवत होकर साष्टांग प्रणाम किया। हम सौभाग्यशाली हैं कि हम ऐसा प्रधानमंत्री देख रहे हैं, जो अपने माथे पर त्रिपुंड लगाते हैं। जो महाकाल आते हैं तो माला लेकर बैठ जाते हैं जप करने। जो केदारनाथ जाते हैं तो गुफाओं में बैठ कर भगवान का स्मरण करते हैं, लोककल्याण के लिए। आजादी के बाद से पहला ऐसा प्रधानमंत्री मिला है। हम सब सौभाग्यशाली हैं। 

भाजपा नेता विजयवर्गीय ने कहा कि सनातन धर्म सबसे पुराना धर्म है। अगर विश्व में कोई शांति ला सकता है तो वह हमारा सनातन धर्म है। हमारे वेदों की ऋचा में लिखा है कि सर्वे भवन्तु सुखिनः सर्वे सन्तु निरामया। सब सुखी रहें सब निरोगी रहें। हम ऐसा नहीं सोचते कि पाकिस्तान वाले का नुकसान हो जाए या चीन वाले का नुकसान हो जाए। हम तो सोचते हैं कि तुम भी मस्त रहो हम भी मस्त रहें यही हमारी संस्कृति है। 
विज्ञापन


बड़वाह में कैलाश विजयवर्गीय ने रामकथा में व्यासपीठ पर कथावाचक का आशीर्वाद भी लिया। उन्होंने कहा कि एक तो मां नर्मदा का किनारा, दूसरा वन क्षेत्र जैसा माहौल और उस पर रामकथा का आनन्द स्वर्ग सी अनुभूति हो रही है। उन्होंने कहा कि आज बड़ी पीड़ा होती है, जब देश में कुछ लोग सनातन धर्म का उपहास उड़ाते हैं। जब पूरे विश्व में कोई धर्म नहीं था, तब केवल सनातन धर्म ही था। ये इतिहास में भी दिखाई देता है। 
विज्ञापन

 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें