आयुध निर्माणी खमरिया, चांदा, खड़की, इटारसी, नालंदा, और अन्य इकाइयों को अलर्ट पर रखा गया है। प्रबंधन ने दो दिन से अधिक की सभी छुट्टियां निरस्त कर कर्मचारियों को तत्काल काम पर लौटने के निर्देश दिए हैं।
भारतीय सेना के लिए गोला-बारूद बनाने वाली रक्षा मंत्रालय की मुख्य कंपनी म्युनिषंस इंडिया लिमिटेड ने अपने अंतर्गत आने वाली देश की 12 आयुध निर्माणियों के कर्मचारियों की छुट्टी तत्काल रद्द की दी हैं। इसके पीछे सीमा में बढ़ते तनाव को वजह माना जा रहा है।
विज्ञापन
आयुध निर्माणी खमरिया प्रबंधन की ओर से आदेश जारी कर कर्मचारियों के दो दिन से अधिक के अवकाश को रद्द कर दिया गया है। फैक्टरी प्रबंधन के लंबी छुट्टी के सभी आवेदन को निरस्त कर दिया है। ऑर्डिनेंस फैक्टरी चांदा ने कर्मचारियों की छुट्टियां निरस्त करते हुए तत्काल काम पर लौटने के आदेश जारी किए गए हैं। एमआईएल के अंतर्गत आने वाली एमुनेशन फैक्ट्री खड़की, कॉर्डाइट फैक्टरी अरूवन काडू, हाई एनर्जी प्रोजेक्टाइल फैक्ट्री तिरूचिरापल्ली, हाई एक्सप्लोसिब फैक्ट्री खड़की, आर्डिनेंस फैक्ट्री चांदा, देहू रोड, इटारसी, नालंदा, वरनगांव में भी इस संबंध में अलग-अलग आदेश जारी किए थे।
वायु सेना के लिए बनते हैं बम
आयुध निर्माणी खमरिया में वायु सेना के द्वारा उपयोग किये जाने वाली बमों का निर्माण किया जाता है। बमों की ढलाई भी फैक्ट्री में की जाती है। साल 2016 में हुई सर्जिकल स्ट्राइक में भी आयुध निर्माणी खमरिया में बने बमों का उपयोग वायु सेना के द्वारा किया गया था। वायु सेना ने आयुध निर्माणी खमरिया में बने एक हजार पाउंड के बमों का उपयोग सर्जिकल स्ट्राइक में करते हुए आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया था। एमआईएल के इस आदेश को सरहद में चल रहे बढ़ते तनाव से जोड़कर देखा जा रहा है। देश की सुरक्षा के मद्देनजर आयुध कर्मचारियों के छुट्टी निरस्त करने के आदेश जारी किए गए हैं।