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Jabalpur News: अवमानना मामले में आईएएस संस्कृति जैन को राहत, हाईकोर्ट की युगल पीठ ने निरस्त किया आदेश

Thu, 19 Feb 2026 02:19 PM IST
जबलपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर

सार

भोपाल नगर निगम आयुक्त के खिलाफ अवमानना के मामले में दायर अपील पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट की युगल पीठ ने एकल पीठ के आदेश को निरस्त कर दिया है।
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अवमानना में दोषी करार दिए जाने के मामले में आईएएस संस्कृति जैन को राहत
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विस्तार
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मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की युगल पीठ ने नगर निगम भोपाल की आयुक्त आईएएस संस्कृति जैन के खिलाफ अवमानना की कार्रवाई को निरस्त कर दिया है। एकल पीठ द्वारा उन्हें अवमानना का दोषी ठहराते हुए सजा पर सुनवाई तय की गई थी, जिसके खिलाफ उन्होंने अपील दायर की थी।

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अपील पर सुनवाई के बाद युगल पीठ ने एकल पीठ का आदेश निरस्त करते हुए आईएएस अधिकारी को राहत प्रदान की।

मामला मर्लिन बिल्डकॉन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा दायर याचिका से जुड़ा है। सुनवाई के दौरान एकल पीठ को बताया गया था कि नगर निगम ने 18 नवंबर 2025 को कंपनी की संपत्ति के फ्रंट हिस्से को विधिक प्रक्रिया अपनाए बिना तोड़ दिया। निगम की ओर से दलील दी गई कि निर्माण अवैध था और 7 नवंबर 2024 को दी गई अनुमति निरस्त की जा चुकी थी। इसके बाद 14 मई 2025 को नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की गई।

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एकल पीठ के आदेश पर निगमायुक्त ने व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हुए बिना शर्त माफी मांगते हुए हलफनामा पेश करने का आग्रह किया था। बाद में हलफनामा प्रस्तुत किया गया लेकिन तोड़ी गई संपत्ति की भरपाई से इंकार किया गया। सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों की अनदेखी को गंभीर मानते हुए एकल पीठ ने संस्कृति जैन को अवमानना का दोषी ठहराया था और सजा पर सुनवाई निर्धारित की थी।
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इसके खिलाफ नगर निगम भोपाल और निगमायुक्त की ओर से हाईकोर्ट में अपील दायर की गई। अपील में तर्क दिया गया कि सर्वोच्च न्यायालय के आदेश की अवहेलना के मामले की सुनवाई अधीनस्थ न्यायालय नहीं कर सकता। साथ ही यह भी कहा गया कि अवमानना की कार्रवाई तभी संभव है, जब आदेश का जान-बूझकर उल्लंघन किया गया हो, जबकि याचिका में ऐसा कोई स्पष्ट आरोप नहीं है।

पूर्व में युगल पीठ ने एकल पीठ के आदेश पर रोक लगा दी थी। बुधवार को अंतिम सुनवाई के बाद युगल पीठ ने आदेश निरस्त करते हुए याचिका का निराकरण कर दिया।

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