सार
आयुध निर्माणी खमरिया में डेटोनेटर फिलिंग के दौरान मामूली ब्लास्ट में एक कर्मचारी घायल हो गया। स्थिति नियंत्रण में आई, लेकिन एक माह में यह दूसरी घटना है। कर्मचारी संगठनों ने गैर-तकनीकी कर्मचारियों से तकनीकी कार्य कराने को हादसों का कारण बताते हुए सुधार की मांग की है।
डेटोनेटर फिलिंग के दौरान मामूली ब्लास्ट
- फोटो : सांकेतिक तस्वीर
जबलपुर के आयुध निर्माणी खमरिया में शनिवार सुबह 11:30 बजे डेटोनेटर फिलिंग के दौरान मामूली ब्लास्ट हुआ, जिससे एक कर्मचारी कुणाल कुमार डीबीडब्ल्यू घायल हो गया। घटना बिल्डिंग नंबर 78 (एफ-1) में हुई, जहां फिलिंग के दौरान एक डेटोनेटर में चिंगारी निकली, जिससे कर्मचारी का हाथ घायल हो गया। घायल कर्मचारी को तुरंत उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। जांच के बाद उसे स्वस्थ घोषित किया गया।
घटना के बाद कर्मचारियों में कुछ देर के लिए दहशत फैल गई, और वे बिल्डिंग से बाहर आ गए। हालांकि, स्थिति सामान्य होने के बाद वे दोबारा काम पर लौट आए।
यह घटना पिछले एक माह में खमरिया फैक्ट्री में हुई दूसरी घटना है। इससे पहले 22 अक्टूबर को एक शक्तिशाली ब्लास्ट में दो व्यक्तियों की मौत हुई थी और लगभग डेढ़ दर्जन कर्मचारी घायल हो गए थे। वह ब्लास्ट इतना खतरनाक था कि एक कर्मचारी की शिनाख्त उसके सिर के जरिए हुई थी।
शनिवार का ब्लास्ट तुलनात्मक रूप से कम शक्तिशाली था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। हालांकि, कर्मचारी संगठनों ने इस घटना पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि गैर-तकनीकी कर्मचारियों से तकनीकी कार्य करवाना बार-बार होने वाले हादसों का मुख्य कारण है, और इसे रोकने के लिए कड़े कदम उठाए जाने चाहिए।
फैक्ट्री प्रबंधन ने मामले की जांच शुरू कर दी है। आयुध निर्माणी में लगातार हो रहे हादसे सुरक्षा प्रबंधन की गंभीर खामियों को उजागर कर रहे हैं।