बजट पर अपने विचार रखते जयंतीलाल भंडारी।
- फोटो : अमर उजाला
अभ्यास मंडल ने सोमवार को जाल सभागृह में बजट पर चर्चा आयोजित की। जिसमें वक्ताओं ने किसानों, युवाओं और महिलाओं के कल्याण के लिए बजट में किए गए प्रावधानों पर प्रकाश डाला। अर्थशास्त्री डॉ. जयंतीलाल भंडारी ने अपने उद्बोधन में कहा कि प्रदेश के बजट का 15 प्रतिशत पैसा इंदौर के लिए प्रस्तावित है, यह अपने आप मे बहुत बड़ी बात है। पूरे प्रदेश का 26 प्रतिशत टैक्स इंदौर से ही शासन को मिलता है। यह उम्मीदों का शहर है।
महानगर विकास प्राधिकरण बने : कोठारी
डॉ. गौतम कोठारी कहा कि हमारा प्रदेश कृषि प्रधान है। यहां जीडीपी में 40 प्रतिशत योगदान कृषि क्षेत्र का है, जबकि उद्योगों का योगदान 19 प्रतिशत है। अब इंदौर की जरूरतें भी बड़ी हो गई हैं। इंदौर के लिए नया मास्टर प्लान आना चाहिए। यहां महानगर विकास प्राधिकरण बनना चाहिए। अभी इनके लिए नोटिफिकेशन नहीं हुआ है।
कर्ज और बजट बराबर : गोयल
सीए राजेंद्र गोयल ने कहा वर्तमान में प्रदेश का चार लाख 21 हजार करोड़ का बजट है, जबकि उतना ही कर्ज सरकार पर है। रेवड़ी कल्चर पर रोक लगना चाहिए। जगदीश वर्मा ने कहा कि आज के समय में त्वरित एवं नियोजित आर्थिक निर्णय की जरूरत है। नवाचार के लिए बजट में ज्यादा प्रावधान होने चाहिए।
कार्यक्रम का संचालन वैशाली खरे ने किया। आभार डॉ. माला सिंह ठाकुर ने माना वक्ताओं का सम्मान रामेश्वर गुप्ता, अशोक कोठारी ने किया। कार्यक्रम में श्यामसुंदर यादव, अजीत सिंह नारंग, प्रो. कुम्भज, अनिल भोजे, राजकुमार काला, स्वप्निल व्यास, मुरली खंडेलवाल, ग्रीष्मा त्रिवेदी उपस्थिति रहे।