इंदौर में शनिवार को हुई एक घंटे की तेज बारिश ने पूरे शहर को तरबतर कर दिया। शहर की सड़कों पर पानी भर गया और लगभग दो घंटे तक ट्रैफिक रुका रहा। आज 3.1 इंच बारिश हुई। इंदौर के प्रजापत नगर द्वारकापुरी के पास एक सार्वजनिक गणेश समिति का पंडाल गणपति प्रतिमा समेत बह गया। यहां एक कार भी बह गई। इससे पहले शुक्रवार को ही यशवंत सागर तालाब लबालब भर गया। पानी का स्तर बढ़ने पर नगर निगम ने एहतियातन रात 11 बजे डैम का एक गेट खोल दिया।
महू की बारिश से नदियों-नालों में उफान
शहर में भले ही बारिश कम हुई, लेकिन महू में हुई तेज वर्षा के चलते नदियों और नालों में उफान आ गया। इससे यशवंत सागर में पानी तेजी से पहुंचा और इसका स्तर 19 फीट तक पहुंच गया।
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भोलाराम उस्ताद मार्ग पर डूब गई सड़कें
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
अधिकारियों ने दी सतर्कता की सूचना
जलकार्य समिति के प्रभारी अभिषेक शर्मा ने बताया कि डाउनस्ट्रीम के गांवों और उज्जैन डैम को इसकी जानकारी दे दी गई है, ताकि लोग सतर्क रह सकें। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले साल डैम के गेट 23 अगस्त को खोले गए थे।
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लोग भीगते हुए ही अपने काम से निकलने लगे
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
शहर के लिए राहत की खबर
यशवंत सागर का भरना शहर के लिए राहत की बात है, क्योंकि अन्य तालाबों में अभी आधा भी पानी नहीं भर पाया है। इस तालाब से पश्चिमी इंदौर के बड़े हिस्से में प्रतिदिन 30 एमएलडी पानी की आपूर्ति होती है।
शहर में हुई झमाझम बारिश
मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को दोपहर 3:30 से 4:15 बजे तक गरज-चमक के साथ तेज बारिश हुई। इससे शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। एयरपोर्ट क्षेत्र में शाम 5:30 बजे तक 11.2 मिमी और रीगल क्षेत्र में 8 मिमी वर्षा दर्ज की गई।
इंदिरा गांधी प्रतिमा रोड पर भी सड़कें डूब गई
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
मानसून सीजन का आंकड़ा
इंदौर में इस मानसून सीजन में अब तक 544 मिमी वर्षा हो चुकी है, जो औसत से करीब 30 प्रतिशत कम है। मौसम विभाग का अनुमान है कि सितंबर की बारिश से इस कमी की भरपाई हो सकती है।
अगले दो दिनों में भारी बारिश की चेतावनी
भारत मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार मानसून ट्रफ बीकानेर, कोटा, दमोह और पुरी होते हुए बंगाल की खाड़ी तक सक्रिय है। विदर्भ के आसपास एक चक्रवातीय सिस्टम और छत्तीसगढ़ से केरल की ओर जा रहा दूसरा सिस्टम सक्रिय है। इन तीनों सिस्टम के प्रभाव से इंदौर सहित आसपास के जिलों में भारी वर्षा की संभावना है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक प्रदेश के 12 जिलों के लिए चेतावनी जारी की है।