मंत्रियों के आने से पहले नए कपड़े पहनते बच्चे, बाद में पुराने कपड़ों का झोला छुपाया गया।
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एमपी गजब है की टैगलाइन कई बार अफसरों के कारनामों पर भी फिट बैठती है। अब इंंदौर की आंगनवाड़ी में सरकारी दौरे का हाल ही देख लिजिए। यहां के पिपलियाहाना क्षेत्र की आंगनवाड़ी में दो मंत्री निरीक्षण के लिए आने वाले थे। आंगनवाड़ी सजाई गई। बच्चों को नई ड्रेस पहनाई गई, लेकिन जैसी ही मंत्रियों का काफिला रवाना हुआ। बच्चों की नई ड्रेस उतरवाकर उन्हें पुराने कपड़े पहना दिए गए, हालांकि सभी बच्चों ने नई ड्रेस नहीं उतारी।
हुआ यूं कि स्वास्थ्य मंत्री प्रभुराम चौधरी और शिक्षा मंत्री मोहन यादव एक दिवसीय दौरे पर इंदौर आए थे। वे पिपलयाहाना की आंगनवाड़ी में पहुंचे। आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने पोषण आहार की जानकारी दी। आंगनवाड़ी में साफ-सुथरी नई ड्रेस पहने हुए बच्चे बैठे थे। वे घर से पुराने कपड़े पहन कर आए थे। उन्हें निरीक्षण से पहले नए कपड़े पहना दिए गए और पुराने कपड़े एक बोरे में भर दिए गए। जब दोनों मंत्री रवाना हुए तो बच्चे नए कपड़े उतार कर पुराने कपड़े पहने नजर आए नए। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पुराने कपड़े जिस बोरे में भरे थे। उसे भी आंगनवाड़ी में मौजूद महिलाएं वीडियों में छुपाते हुए नजर आईं। वहां मौजूद आंगनवाड़ी वर्करों का कहना था ड्रेस एक एनजीओ ने उपलब्ध कराई थी। किसी को भी ड्रेस उतारने को नहीं कहा गया था, न ही उनसे वापस मांगे गए। बच्चों ने खुद स्वेच्छा से नए कपड़े उतार कर पुराने पहने।
बता दें, कि प्रदेश सरकार ने आंगवाड़ियों को सुविधा संपन्न बनाने के लिए अभियान चलाया था और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान इंदौर के लोधीपुरा क्षेत्र में ठेलागाड़ी लेकर निकले थे और शहरवासियों ने आंगनवाड़ियों के लिए टीवी, एसी, बर्तन, सहित कई वस्तुएं मुख्यमंत्री को सौंपी थी। बाद में उन वस्तुओं को शहर की अलग-अलग आंगनवाड़ियों को दे दिया गया था।