मध्यप्रदेश में घनघोर बारिश से राजधानी भोपाल सहित अधिकांश जिलों में जनजीवन प्रभावित हुआ है। राज्य के दक्षिण और पश्चिम हिस्सों में अनेक स्थानों पर बाढ़ की स्थिति बन गयी है।
होशंगाबाद जिले में पिछले 48 घंटो से हो रही तेज बारिश के चलते वहां की निचले इलाकों में बारिश का पानी घुस गया है। शहर से गुजरने वालीं सभी सडकें भारी बारिश के चलते गड्ढ़ों में तब्दील हो गई हैं।
शहर से लगभग 12 किलोमीटर दूर होशंगाबाद-पिपरिया मार्ग पर तवा नदी में बने पुल के बारिश से धसकने से वहां से गुजरने वाले वाहनों की पुल के दोनों ओर लम्बी कतार लग गई है।
राज्य की प्रमुख नदियां नर्मदा, बेतवा और तवा के अलावा अन्य नदिया उफान पर है। इससे तटीय इलाकों में पानी भर गया है। हालांकि शुक्रवार को बारिश थमने के बाद जिला प्रशासन ने पुल पर मरम्मत का कार्य शुरू कर दिया और अवरूद्ध हुए मार्ग पर कतार से खडे वाहनों को एक.एक करके निकालने का काम भी शुरू कर दिया गया है।
विदिशा जिले में पिछले कई दिनों से हो रही जोरदार बारिश से वहां का जनजीवन बुरी तरह से चरमरा गया है। यहां से गुजरने वाली बेतवा अभी भी उफान पर है।
बारिश के चलते जिले के गंजबसौदा में सबसे ज्यादा जनजीवन प्रभावित हुआ है। वहां के अधिकांश रिहायशी इलाकों में अभी में बारिश का पानी भरा हुआ है।
झाबुआ जिले की थांदला तहसील के खजूरी गांव में पम्पावती नदी पर बना एक पुल बह गया। इस पुल से सैकडों वाहन गुजरते थे और जब पुल बहा उस समय भी पुल से वाहन गुजर रहे थे लेकिन कोई बडा हादसा नहीं हुआ।
वहीं इंदौर, उज्जैन संभागों के साथ प्रदेश के अधिकांश संभागों में बारिश के चलते जनजीवन में बुरी तरह से असर पडा है।