चुनाव आयोग ने शुक्रवार को मध्यप्रदेश की मंत्री उषा ठाकुर को नोटिस जारी किया है। साथ ही आयोग ने उनसे नोटिस मिलने के 48 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण देने को कहा है। बता दें कि उषा ठाकुर ने 20 अक्तूबर को इंदौर के एक कार्यक्रम में कहा था 'धर्म आधारित शिक्षा कट्टरता पनपा रही है।'
मध्यप्रदेश में उपचुनाव होने वाले हैं। इसको लेकर राजनीतिक पार्टियां चुनावी रैली कर रहे हैं। इस दौरान पार्टी नेताओं की ओर से एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी लगातार जारी है। कई बार नेता मर्यादा लांघने वाले बयान भी दे रहे हैं। इसी को लेकर चुनाव आयोग ने ठाकुर को नोटिस जारी किया है।
बता दें कि इससे पहले आयोग ने भारतीय जनता पार्टी के कैलाश विजयवर्गीय और कांग्रेस पार्टी के सज्जन सिंह वर्मा को नोटिस जारी किया था। आयोग ने सज्जन सिंह वर्मा को यह नोटिस 15 अक्तूबर को इंदौर के सांवेर में रैली के दौरान विजयवर्गीय पर उनकी टिप्पणी पर जारी किया था। वहीं विजयवर्गीय को 14 अक्तूबर को सांवेर में ही एक रैली के दौरान कांग्रेस नेता और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और दिग्विजय सिंह पर अभद्र टिप्पणी को लेकर जारी किया गया था।