मध्यप्रदेश के धार जिले में बीते शुक्रवार को मूसलाधार बारिश हुई। बारिश के चलते अमझेरा और आसपास के क्षेत्रों में जमकर मेघ बरसे, जिससे नदी-नाले उफान पर हैं। अचानक पानी भरने से मंदिर गए श्रद्धालुओं को मानव श्रृंखला बनाकर किनारे पहुंचाया। दो घंटे हुई मूसलाधार बारिश के चलते प्रसिद्ध झरने अपने वेग के साथ बहने लगे।
ऐसे में कई लोग खेतों और मंदिर में होने की वजह से बाढ़ में फंस गए थे। उन्हें अन्य लोगों की सहायता से मानव श्रृंखला बनाकर बमुश्किल बाहर निकाला गया। ऐसी मूसलाधार बारिश से अमझेरा के मांगोदिया और भुतिया नाले उफान पर आ गए, जिसके कारण कुमार गड्ढ़े के पास फतियापुरा मांगोद मार्ग पुरी तरह से अवरूद्ध हो गया। जहां रत्नेश्वर महादेव मंदिर में पूजा के लिए गये श्रद्धालु बाढ़ का पानी आने से फंस गये, जिन्हें स्थानीय लोगों सहायता से हाथों का सहारा देकर चेन बनाकर निकाला।
वहीं, अमझेरा के मनावर माँगोद मार्ग पर खेड़ापति हनुमान मंदिर स्थित तालाब भी वेग वान होकर उफन गया, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में नगरजन पहुंचे। पानी का वेग देखकर बच्चों में खासा उत्साह नजर आया। झमाझम बारिश के चलते बख्तावर जलाशय, अमका-झमका तीर्थ का कुण्ड एवं अन्य जलस्त्रोत भी लबालब भर गए। किसानों ने भी जलाशयों और तालाबों के भर जाने से राहत की सांस ली। किसानों ने मूसलाधार बारिश के चलते आने वाले समय में अच्छी फसल होने की उम्मीद की।