घनश्याम सिंह के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका दायर
- फोटो : अमर उजाला
दतिया विधानसभा उपचुनाव में जीत के बाद दतिया विधायक घनश्याम सिंह एक बार फिर चर्चा में हैं। इस बार मामला चुनाव प्रचार या परिणाम से नहीं, बल्कि उनके चुनावी शपथ पत्र में दर्ज आपराधिक मामलों की जानकारी से जुड़ा है। भाजपा नेता एवं अधिवक्ता दीपक बेलपत्री ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर आरोप लगाया है कि उपचुनाव के दौरान दाखिल किए गए हलफनामे में 1991 में दर्ज एक FIR का उल्लेख नहीं किया गया।
जानकारी के मुताबिक याचिका 17 सितंबर को अधिवक्ता शिवम गौतम के माध्यम से दायर की गई है। याचिकाकर्ता की ओर से दावा किया गया है कि चुनाव के समय घनश्याम सिंह ने अपने शपथ पत्र में दो आपराधिक मामलों की जानकारी दी थी, लेकिन करीब 35 वर्ष पुराने एक अन्य मामले को उसमें शामिल नहीं किया गया। याचिका में जिस पुराने मामले का उल्लेख किया गया है, उसे वर्ष 1991 में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के बाद दतिया में हुए विरोध-प्रदर्शन और चक्काजाम से संबंधित बताया गया है। याचिका के अनुसार उस समय प्रदर्शन के मामले में करीब 22 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज हुई थी और उनमें घनश्याम सिंह का नाम भी शामिल था।
ये भी पढ़ें-
एमपी: गुणवत्ता जांच भी पास नहीं कर पाईं ग्वालियर की सड़कें, सैंपल फेल होने पर हाईकोर्ट ने NHAI-PWD को फटकारा
हालांकि, इस मामले में याचिका में लगाए गए आरोपों और उसकी कानूनी स्थिति का अंतिम निर्धारण अदालत की सुनवाई और उपलब्ध रिकॉर्ड के आधार पर ही होगा। फिलहाल याचिका दाखिल होने के बाद यह मुद्दा राजनीतिक के साथ-साथ कानूनी चर्चा का विषय बन गया है।
मामले पर घनश्याम सिंह का कहना है कि वर्ष 1991 में राजीव गांधी की हत्या के बाद देशभर में आंदोलन और प्रदर्शन हुए थे। उनका कहना है कि उस दौरान यदि पुलिस ने कोई प्रकरण दर्ज किया था तो इसकी जानकारी उन्हें नहीं थी। विधायक के मुताबिक वे कई दशकों से सक्रिय राजनीति में हैं और इस दौरान अलग-अलग आंदोलनों में शामिल रहे हैं। उनका कहना है कि यदि किसी मामले में पुलिस ने प्रकरण दर्ज किया और वह उनके संज्ञान में नहीं आया, तो उन्हें उसके बारे में जानकारी नहीं रही। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी समझ के अनुसार जिस मामले को लेकर सवाल उठाया जा रहा है, वह ऐसी स्थिति में नहीं था जिसे चुनावी शपथ पत्र में अनिवार्य रूप से दर्ज किया जाना जरूरी हो। उनका कहना है कि हाईकोर्ट में दायर याचिका की पूरी जानकारी अभी उन्हें प्राप्त नहीं हुई है और दस्तावेज देखने के बाद ही वह विस्तृत जवाब देंगे।
बता दें कि दतिया विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने भाजपा के आशुतोष तिवारी को 6,016 मतों के अंतर से हराया था। निर्वाचन आयोग के अनुसार घनश्याम सिंह को 66,757 वोट मिले, जबकि आशुतोष तिवारी के खाते में 60,741 मत आए।