दमोह में किसान स्वरूप सिंह (इनसेट) ने आत्महत्या कर ली।
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दमोह जिले के बटियागढ़ थाना क्षेत्र में आने वाले घुराटा गांव में उड़द की फसल बर्बाद होने से दुखी 65 वर्षीय किसान ने खेत में ही फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। किसान की मौत के बाद प्रशासन अलर्ट हो गया है । कलेक्टर मयंक अग्रवाल के निर्देश पर जांच शुरू की गई है।
रबी सीजन में बारिश और ओलों की वजह से किसान स्वरूप सिंह की पहले गेहूं की फसल खराब हुई थी। अब बारिश ज्यादा होने से सात एकड़ के खेत में लगी उड़द की फसल भी खराब हो गई। इससे किसान परेशान था। उसने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। किसान के पास 12 एकड़ का खेत है। इसमें वह सात एकड़ पर खेती कर रहा था। पांच एकड़ का खेत उसने किसी और को दिया था। उसके ऊपर कोई बड़ा कर्ज भी नहीं था। किसान की आत्महत्या से क्षेत्र में मायूसी का माहौल है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को फंदे से उतारा और पंचनामा कराया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है।
स्वरूप के भतीजे रघुवीर सिंह ने बताया कि उसके चाचा ने अपनी सात एकड़ के खेत में उड़द की फसल लगाई थी। खड़ी फसल को लगातार हो रही बारिश ने बर्बाद कर दिया। मंगलवार को स्वरूप सिंह खेत पर गए थे। जब बर्बाद फसल देखी तो वे तनाव में आ गए। उन्होंने फांसी लगा ली। कलेक्टर मयंक अग्रवाल ने कहा कि किसान की आत्महत्या की जानकारी मिली है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जिला प्रशासन ने एसडीएम और तहसीलदार की टीम भी बनाई है। यह टीम सुसाइड केस की जांच करेगी। जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके मुताबिक कारवाई की जाएगी।