मध्य प्रदेश के छतरपुर में वैक्सीनेशन में फर्जीवाड़ा सामने आया है।
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मध्य प्रदेश में वैक्सीनेशन को लेकर लंबे-चौड़े टारगेट तय किए गए हैं। उन्हें पूरा करने के लिए फर्जीवाड़ा भी जमकर हो रहा है। पांच से अधिक जिलों में मृतकों को टीका लगने की बात सामने आई है। अब भोपाल के अस्पताल में भर्ती महिला को छतरपुर में दूसरा डोज दिए जाने का मामला सामने आया है। स्वास्थ्य विभाग अब मामले की जांच कर रहा है।
छतरपुर के विष्णु विहार में रहने वाली श्रद्धा बाजपेयी को 26 अक्टूबर को भोपाल के बंसल हॉस्पिटल में प्री-मैच्योर डिलेवरी के कारण भर्ती किया गया था। तब से लेकर 27 दिसम्बर तक वो अपनी नवजात के साथ बंसल हॉस्पिटल में ही रहीं। हैरत की बात यह है कि छतरपुर के स्वास्थ्य विभाग ने 8 दिसंबर को बस स्टैंड छतरपुर में उन्हें वैक्सीन का दूसरा डोज लगा दिया। श्रद्धा के मोबाइल पर वैक्सीनेशन का सर्टिफिकेट भी भेज दिया। श्रद्धा के मोबाइल पर मिले सर्टिफिकेट के अनुसार उसे रामश्री ने वैक्सीन का दूसरा डोज दिया। वैक्सीन की बैच संख्या 4121 एमएफ 032 लगाना दर्शाई गई है। श्रद्धा को वैक्सीन का पहला डोज 23 मई को लगाया था। सवाल यह है कि जब श्रद्धा 26 अक्टूबर से 27 दिसम्बर तक भोपाल के बंसल हॉस्पिटल में थी, तब उसे बस स्टैंड छतरपुर में वैक्सीन का दूसरा डोज कैसे लग गया?
जांच की जाएगी
छतरपुर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विजय पथौरिया का कहना है कि इस तरह की गड़बड़ी का मामला आप हमारे सामने लाए हैं। इस तरह की गड़बड़ी हुई है तो मैं कल ही मामले को दिखवाता हूं। जांच की जाएगी।