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कैलाश विजयवर्गीय के आग लगाने के बयान पर भड़की कांग्रेस, पूछा- क्या इंदौर इनकी जागीर है

Sat, 04 Jan 2020 03:37 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
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अधिकारियों को धमकाते हुए कैलाश विजयवर्गीय - फोटो : Twitter
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भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और पश्चिम बंगाल प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय के इंदौर को आग लगाने की धमकी के बाद कांग्रेस उनपर हमलावर है। मध्यप्रदेश कांग्रेस ने सवाल दागा कि क्या इंदौर इनकी जागीर है। कांग्रेस ने भाजपा को भारत जलाओ पार्टी बताया।

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मध्यप्रदेश कांग्रेस ने ट्वीट कर लिखा कि भारत जलाओ पार्टी —क्या इंदौर इनकी जागीर है, जो ये पूरे शहर को आग लगा देंगे..! लगता है माफियामुक्त मप्र अभियान से इनकी भी आमदनी प्रभावित हुई है..!
कैलाश जी,
जब कभी इस तरह की उपद्रवी सोच या शहर जलाने का इरादा मन में आये तो कमलनाथ जी का ध्यान किया करिये, कईयों के भूत उतर गये हैं।

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वहीं दूसरे ट्वीट में कांग्रेस ने कैलाश विजयवर्गीय के बेटे आकाश का निगमकर्मी को बल्ला मारते हुए वीडियो पोस्ट किया और लिखा कि कैलाश विजयवर्गीय के पुत्र निगम अधिकारी को बल्ले से पीटते हुये। बेटे की पिक्चर पहले रिलीज़ हुई थी, बाप का डायलॉग कल जारी हुआ है। आखिर कौन हैं ये लोग, किस घमंड-अभिमान में जी रहे हैं, लोकतंत्र की आड़ में छिपे इन नकाबपोशों से जनता का भला कैसे मुमकिन है...? कभी सोचना जरूर..!
 
मध्यप्रदेश कांग्रेस ने कैलाश विजयवर्गीय के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने की भी मांग की है। 



बता दें कि भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय का शुक्रवार को इंदौर में तैनात अधिकारियों को धमकाते हुए एक वीडियो वायरल हुआ था। जिसमें उन्होंने कहा था कि संघ के पदाधिकारी शहर में हैं, नहीं तो आज इंदौर में आग लगा देता।

संभाग कमिश्नर आकाश त्रिपाठी के घर के बाहर धरने पर बैठे विजयवर्गीय ने एडीएम से कहा था कि हमसे मिलने के लिए अधिकारियों के पास समय नहीं है, इतने बड़े हो गए क्या? हमने लिखित में मिलने का वक्त मांगा और कमिश्नर मिलने नहीं आए। उन्हें समझना चाहिए कि वे जनता के नौकर हैं। ये बर्दाश्त नहीं करेंगे अब। वो तो संघ के पदाधिकारी शहर में हैं, नहीं तो आज इंदौर में आग लगा देता।
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चश्मदीद लोगों ने बताया कि यह वीडियो विजयवर्गीय की अगुवाई में भाजपा के स्थानीय जन प्रतिनिधियों के आवासीय क्षेत्र में शुक्रवार दोपहर किए गये धरना-प्रदर्शन के दौरान का है। इस दौरान विजयवर्गीय ने आरोप लगाया कि प्रशासन शहर में विकास के नाम पर पक्षपातपूर्ण और राजनीतिक दुर्भावनापूर्ण कार्रवाई कर रहा है।

इस मुद्दे पर भाजपा नेताओं ने पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारियों को चर्चा के लिये बुलाया था। लेकिन वे नहीं आये। बाद में जब कुछ कनिष्ठ सरकारी अधिकारी प्रदर्शनकारियों के पास पहुंचे, तो विजयवर्गीय ने आला अफसरों के रवैये पर तीखी नाराजगी जाहिर की।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की आंतरिक बैठकों के लिये संगठन के प्रमुख मोहन भागवत और इसके अन्य शीर्ष पदाधिकारी इंदौर में ही हैं। 

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