कमलनाथ ने कहा कि हमारे सामने सबसे बड़ी चुनौती है कि हम कृषि क्षेत्र में व्यापक सुधार करें। हमारी अर्थव्यवस्था की बुनियाद खेती किसानी है। अगर हम किसानों द्वारा उत्पादित उपज का वाजिब दाम नहीं दिला सके तो हम अपनी अर्थव्यवस्था में सुधार नहीं ला सकते। किसानों की अगर क्रय शक्ति नहीं होगी तो हमारी अन्य व्यावसायिक गतिविधियों पर भी प्रतिकूल असर पड़ेगा और प्रदेश का विकास बाधित होगा। हम किसानों को ताकत देने के लिये कर्जमाफी की शुरूआत आज से करने जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि दूसरी हमारे सामने सबसे बड़ी चुनौती है युवाओं को रोजगार देने की है। आज का नौजवान संचार संसाधनों से लैस है उसे कोई ठेका नहीं चाहिए, कमीशन नहीं चाहिए। उसे रोजगार चाहिए। ‘‘अगर हमारा नौजवान निराश रहा, उसके जीवन में भटकाव रहा तो हम अपने प्रदेश के बेहतर भविष्य का निर्माण नहीं कर पायेंगे। इसके लिये हम प्रदेश में निवेश की व्यापक संभावनाओं को तलाश रहे हैं। अधिक से अधिक उद्योगों की स्थापना से हम अपने नौजवान को काम दे पायेंगे।’’ युवा स्वाभिमान योजना इस दिशा में हमारा प्रयास है। 100 दिन में 4,000 रूपये प्रतिमाह हम नौजवानों को उपलब्ध करायेंगे। साथ ही उन्हें प्रशिक्षण भी देंगे ताकि वे आत्मनिर्भर बन सके। (इनपुटः भाषा)