फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MP News: 'मम्मी-पापा माफ करना' लिख आदिवासी छात्रावास में फंदे पर झूल गया छात्र, डिप्रेशन से जूझ रहा था

Tue, 22 Nov 2022 08:52 AM IST
रोमा रागिनी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उमरिया

सार

छात्र ने दोपहर 12 बजे तक कमरे का दरवाजा नहीं खोला तो साथी छात्रों को अनहोनी का अंदेशा हुआ। उन्होंने शिक्षक को बुलाया। जब दरवाजा खोला गया तो छात्र का शव फंदे से लटका मिला।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Social media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उमरिया में एक 12वीं के आदिवासी छात्र ने आत्महत्या कर ली। छात्र आदिवासी बालक छात्रावास पाली में रहता था।  मृतक के पास से एक सुसाइड नोट भी मिला है। जिसमें उसने अपने माता-पिता  के कोई काम नहीं आने की बात लिखी है।

विज्ञापन


छात्र शनि (17 साल) पिता ब्रजेश वंशकार अपने होस्टल के कमरे से दोपहर 12 बजे तक नहीं निकला। अनहोनी का अंदेशा होने पर अन्य छात्रों ने इसकी सूचना होस्टल अधीक्षक और शिक्षक को दी। जिसके बाद शिक्षक ने कमरे का दरवाजा खुलवाया लेकिन दरवाजा अंदर से बंद था। जिसके बाद छात्रों ने पीछे से खिड़की से जाकर देखा तो छात्र फंदे पर लटका मिला। छात्र की आत्महत्या की जानकारी पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कार्यवाही शुरु की।


छात्र ने आत्महत्या करने से पहले एक सुसाइड नोट लिखा है। जिसमें उसने मम्मी-पापा के कोई काम न आने पर अपने मम्मी-पापा से माफी मांगा है। इसके अलावा और भी कई बातें लिखी हैं पर सुसाइड करने की वजह नहीं लिखी है। होस्टल प्रबंधन का कहना है कि छात्र काफी दिनों से डिप्रेशन में था। किसी से ज्यादा बात नहीं करता था। वह गुमसुम रहता था। कुछ महीने पहले शनि गिर गया था, जिससे उसके सिर पर चोटें आई थी। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें