छिंदवाड़ा मिठाई कांड: जुन्नारदेव मिठाई कांड में खाद्य विभाग की जांच में मिठाई में 250 गुना अधिक आर्सेनिक यानी चूहा मारने की दवा पाई गई है। आठ जनवरी को मिठाई का सेवन करने के बाद तीन लोगों की मौत हो गई थी। पढ़ें पूरी खबर
छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव में सामने आए चर्चित मिठाई कांड में बड़ा खुलासा हुआ है। खाद्य विभाग की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में पुष्टि हुई है कि लावारिस थैले में रखी मिठाई में अत्यधिक मात्रा में आर्सेनिक (चूहा मार दवा) मिला हुआ था। रिपोर्ट के अनुसार आर्सेनिक की मात्रा सामान्य स्तर से करीब ढाई सौ गुना अधिक पाई गई, जिससे मिठाई पूरी तरह जहरीली बन चुकी थी।
बताया जा रहा है कि 8 जनवरी को इसी मिठाई का सेवन करने के बाद एक सप्ताह के भीतर तीन लोगों की मौत हो गई थी। खाद्य विभाग की रिपोर्ट सामने आने के बाद यह लगभग स्पष्ट हो गया है कि यह मामला न तो सामान्य मिलावट का था और न ही खराब मिठाई का, बल्कि मिठाई को जानबूझकर जहरीला बनाया गया था।
न खराब मिठाई, न सामान्य मिलावट
फूड इंस्पेक्टर गोपेश मिश्रा ने बताया कि मिठाई में पाई गई चूहा मार दवा में आर्सेनिक की मात्रा अत्यधिक थी। यह मात्रा इतनी अधिक है कि इसे सामान्य लापरवाही नहीं माना जा सकता, बल्कि इसे किसी को नुकसान पहुंचाने की मंशा से जोड़ा जा रहा है।
पुलिस को बिसरा रिपोर्ट का इंतजार
पुलिस अब पोस्टमॉर्टम के बाद सुरक्षित किए गए बिसरा की रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, जो जबलपुर स्थित फॉरेंसिक लैब से प्राप्त होनी है। बिसरा रिपोर्ट आने के बाद यह पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगा कि मौत का प्रत्यक्ष कारण आर्सेनिक ही था या नहीं। इसी आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी।
बिसरा रिपोर्ट से खुलेगा साजिश का पूरा सच
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बिसरा रिपोर्ट आने के बाद मौतों की पूरी कड़ी और इसके पीछे की साजिश का सच सामने आ सकेगा। इसके बाद ही यह तय हो पाएगा कि यह मामला दुर्घटना था या सुनियोजित हत्या की साजिश।
जानिए, क्या है आर्सेनिक
आर्सेनिक एक अत्यंत जहरीला रासायनिक तत्व है। शरीर में इसकी अधिक मात्रा पहुंचने पर यह नसों, त्वचा और आंतरिक अंगों को गंभीर नुकसान पहुंचाता है। इसके प्रभाव से व्यक्ति की हालत तेजी से बिगड़ सकती है और गंभीर मामलों में मृत्यु भी हो सकती है।
8 जनवरी को जुन्नारदेव में लावारिस थैले में रखी मिठाई लोगों को मिली, कुछ लोगों ने उसका सेवन किया।
मिठाई खाने के बाद लोगों की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी।
अगले कुछ दिन अलग-अलग अस्पतालों में इलाज के दौरान तीन लोगों की मौत हो गई।
मौतों के बाद मामला संदिग्ध मानते हुए पुलिस और खाद्य विभाग ने जांच शुरू की।
खाद्य विभाग जांच मिठाई के नमूनों में अत्यधिक मात्रा में आर्सेनिक पाए जाने की पुष्टि हुई।
फिलहाल पुलिस बिसरा रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, जिसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई होगी।