नाबालिग के पिता को समझाइश देने पहुंची टीम
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मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में बाल विवाह होने जा रहा था। टीम ने ऐनमौके पर उसे रुकवा लिया है। जहां ये बाल विवाह होने जा रहा था, वो गांव कांग्रेस विधायक नीरज दीक्षित का है।
जानकारी के अनुसार गढ़ीमलहरा के अंतर्गत ग्राम ऊद॔मऊ में पाल परिवार में एक विवाह होने वाला था। जिसकी जानकारी गढ़ीमलहरा सुपरवाइजर रजिया खान को लगी। उन्होंने तत्काल अपने वरिष्ठ अधिकारी महाराजपुर परियोजना अधिकारी नेहा जैन को सूचना दी। इसके बाद नेहा जैन, जिला कार्यक्रम अधिकारी जितेंद्र गुप्ता अपनी टीम और गढ़ीमलहरा थाना पुलिस टीम के साथ ग्राम ऊदमऊ पहुंचे।
गांव की 17 वर्षीय कल्पना पाल पिता चिरंजी पाल अपने बेटी का ब्याह रचाने जा रहे थे। नेहा जैन और पुलिस ने चिरंजी पाल के घर पहुंचकर उनको समझाइश दी कि अभी कल्पना की उम्र 17 वर्ष है। अभी वह नाबालिग है और 18 वर्ष के पूर्व शादी नहीं कर सकते यह गैर कानूनी और अपराध है। पर परिजन अपनी बात मनवाने पर अड़े रहे। विभाग ने जब सख्ती की और बताया कि बाल विवाह करने पर आपको जेल भी हो सकती है, तब कहीं जाकर परिजन माने। चिरंजी पाल और परिवार ने विवाह को रोक दिया और आश्वासन दिया कि 18 की उम्र होने पर ही शादी करेंगे।
यह भी बताया जा रहा है कि यह उर्दमऊ गांव क्षेत्रीय कांग्रेसी विधायक नीरज दीक्षित का ग्रह ग्राम है, जहां यह विवाह होने जा रहा था।