प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने शिवराज सिंह चौहान के झारखंड में दिए बयान पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि जब कांग्रेस की सरकार थी तब शिवराज सिंह चौहान किसानों को 40 हजार मुआवजा दिलाने के लिए तत्कालीन सीएम कमलनाथ पर दबाव डाल रहे थे। लेकिन अब तब केंद्र और प्रदेश दोनों जगह उनकी सरकार है तो किसानों को मुआवजा क्यों नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि बीजेपी ने लाडली बहनों को भी धोखा दिया है। उनसे 3000 का वादा कर सरकार सिर्फ 1250 रुपए दे रही है और दूसरी तरफ़ लाडली बहनों के पतियों को दिए जा रहे भारी बिजली के बिल थमाए जा रहे हैं। जीतू पटवारी ने कहा कि शिवराज जी झूठ बोलते हैं अब झारखंड में उनके इन झूठों को कॉपी किया जा रहा है। मैं हर मंगलवार को शिवराज सिंह चौहान से समय मांगता रहूंगा, जब तक वो मुझसे मिलने को तैयार नहीं होते हैं। शिवराज सिंह से मिलकर मैं उनसे सभी सवालों का जवाब मांगूंगा।
बेटियों की सुरक्षा के लिए सड़क पर उतरेगी कांग्रेस
मध्य प्रदेश में महिला अत्याचार को लेकर जीतू पटवारी ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि कानून का खौफ कम हो गया है और महिलाओं के विरुद्ध अत्याचार 5 साल में डबल हो गए हैं। उन्होंने कहा कि इस सरकार से कुछ होने वाला नहीं है और विपक्ष के नाते हमारा दायित्व है कि हम बेटियों के रक्षा के लिए कदम उठाएं। उन्होंने कहा कि ‘अब बेटियों की सुरक्षा के लिए सरकार से उम्मीद करना बेकार है, क्योंकि भाजपा सरकार की प्राथमिकता कभी भी हमारी बेटियों की सुरक्षा नहीं रही। बेटियों को इंसाफ़ सिर्फ़ सोशल मीडिया पर सरकार से मदद माँगने से नहीं मिलेगा। अब कांग्रेस पार्टी बेटियों की रक्षा के लिए यह लड़ाई सड़क पर लड़ेगी। इसी के साथ उन्होंने कह कि कांग्रेस अब प्रदेश में बेटी बचाओ अभियान चलाएगी। इसी के साथ उन्होंने कर्ज और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा है।
नुसूचित जाति विभाग की प्रदेश कार्यकारिणी भंग
मध्य प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग की राज्य स्तरीय प्रदेश कार्यकारिणी, जिला अध्यक्षों, जिला कार्यकारिणी ब्लाक कार्यकारिणी को तत्काल प्रभाव से भंग किया गया है। मध्य प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के अध्यक्ष प्रदीप अहिरवार ने बताया कि विगत दो वर्षों से विभाग के पदाधिकारियों द्वारा, जिला अध्यक्षों एवं ब्लाक अध्यक्षों द्वारा संगठन हित में जारी हुये कार्यक्रमों, अभा कांग्रेस द्वारा संविधान रक्षक बनाये जाने के कार्यक्रम, धरना-प्रदर्शनों में जिम्मेदारी और सक्रियता से सहभागिता सुनिश्चित नहीं किये जाने के कारण उक्त निर्णय लिया गया है। विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ नेताओं की रायशुमारी के बाद शीघ्र ही सक्रिय कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी देकर नई कार्यकारिणी का गठन किया जायेगा।