फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MP News: आठ साल बाद प्रदेश के चार लाख अधिकारी-कर्मचारियों का मिलेगा प्रमोशन का तोहफा, सीएम ने किया एलान

Tue, 08 Apr 2025 06:50 PM IST
अरविंद कुमार न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

MP Promotion: मध्यप्रदेश के अधिकारी और कर्मचारियों को जल्द ही पदोन्नति का तोहफा मिलने वाला है। जल्द ही बड़े पैमाने पर प्रदेश में प्रमोशन हो सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खुद इसकी जानकारी दी है।
विज्ञापन
सीएम मोहन यादव - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मध्यप्रदेश के अधिकारी और कर्मचारियों को मोहन सरकार जल्द ही बड़ा तोहफा देने जा रही है। मुख्यमंत्री यादव ने अधिकारियों और कर्मचारियों को जल्द प्रमोशन देने की प्रक्रिया को लेकर बड़ा बयान दिया है।

विज्ञापन




मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश के सरकारी अधिकारी और कर्मचारियों को लेकर बड़ा बयान दिया है। सीएम ने कहा कि जल्द ही प्रदेश के अधिकारियों और कर्मचारियों को पदोन्नति दी जाएगी। मंगलवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक बयान जारी कर कहा कि प्रदेश के अधिकारियों कर्मचारियों की पदोन्नति का कार्य शीघ्र होगा। उन्होंने कहा कि सरकार ने पदोन्नति का रास्ता तलाशा है। इस बारे में राज्य शासन द्वारा शीघ्र ही महत्वपूर्ण निर्णय लिया जा रहा है। जल्द ही कैबिनेट से अधिकारी-कर्मचारियों की प्रमोशन का निर्णय लेंगे।

यह भी पढ़ें: कैबिनेट ने गाय के आहार का अनुदान 40 रुपये किया, पीपीपी मोड पर बनेंगी बृहद गौशालाएं
विज्ञापन


मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि करीब चार लाख अधिकारी-कर्मचारी इस निर्णय से लाभान्वित होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अपने सेवा काल में कई वर्ष से पदोन्नति की प्रतीक्षा कर रहे अनेक अधिकारी कर्मचारी सेवा निवृत भी हो गए। मध्यप्रदेश शासन द्वारा अधिकारियों-कर्मचारियों के हित में यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समस्त शासकीय सेवकों को बधाई और शुभकामनाएं दीं। बता दें इससे पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विधानसभा के बजट सत्र में भी अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रमोशन शुरू करने को लेकर संकेत दिए थे।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: पीएम नरेंद्र मोदी 11 को अशोकनगर, 13 अप्रैल को गृह मंत्री अमित शाह आएंगे भोपाल 

क्यों नहीं हो रहे प्रमोशन
बता दें कि प्रदेश के कर्मचारियों के पदोन्नति पर 2016 में हाईकोर्ट के आदेश के बाद रोक लग गई थी। कोर्ट ने अप्रैल 2016 में प्रदेश सरकार के 2002 के भर्ती एवं पदोन्नति नियमों में आरक्षण को समाप्त कर दिया। इससे प्रमोशन पाने वाले कर्मचारियों की पदावनति की स्थिति निर्मित हो गई थी, इसके बाद सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंची थी। शीर्ष अदालत ने यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया, जिससे पदोन्नति प्रक्रिया अटक गई।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें