सतत चार पीढ़ियों से कला को समर्पित खत्री परिवार के नाम पर ही यह कला हो गई। बाग प्रिंट और खत्री एक दूसरे का पर्याय होकर रह गए हैं। भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले में आने वाले विदेशी पर्यटकों को खत्री स्टॉल की मौजूदगी इसलिए भी नई नहीं लग रही है कि यह परिवार आधी दुनिया तक जाकर अपनी कला का नमूना दिखा चुके हैं।
दिल्ली के प्रगति मैदान पर इन दिनों जारी 46वें भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले में मप्र के जोन में मौजूद बाग प्रिंट यहां आने वालों का आकर्षण केंद्र बना हुआ है। हाजी इस्माइल खत्री को उनके पिता से यह कला विरासत में मिली और उन्होंने इस सिलसिले को आगे भी बढ़ाया। हाजी यूसुफ खत्री से होते हुए कला का दामन अगली पीढ़ी के बिलाल खत्री और उनके आगे आए परिजनों ने भी सम्हाल रखा है। कला के लिए समर्पित इस परिवार के कुल 11 लोग राष्ट्रीय अवार्ड से सम्मानित हुए हैं। सिलसिला बरकरार है। धार जिले के दूरस्थ ग्राम बाग में प्राकृतिक रंगों से निकली यह कला पूरी दुनिया में मप्र का नाम रौशन कर रही है।
जरी का जलवा
नवाब शासनकाल से प्रचलित और सर्वमान्य कला जरी जरदोजी कुछ समय की गुमनामी के बाद एक बार फिर लोगों की पसंद में शामिल है। राज्य स्तरीय अवार्ड से सम्मानित हमारा खान इस कला को लेकर इस अंतरराष्ट्रीय मेले में मौजूद हैं। अपनी वालिदा सितारा बी से इस कला की बारीकियां सीखने के बाद हुमेरा ने इस कला को लोगों तक पहुंचाने का बीड़ा उठा रखा है। भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय के क्षेत्रीय कार्यालय से संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रमों की वे इंपैनल्ड मास्टर पर्सन हैं। अब तक हजारों महिलाओं को जरी जरदोजी का प्रशिक्षण देकर वे उन्हें स्वरोजगार से जोड़ चुकी हैं। अंतरराष्ट्रीय मेले में हुमेरा की कला पर विदेशी मेहमान फिदा हैं।
रतलाम और मुरैना के स्वाद
मप्र जोन में रतलाम की प्रसिद्ध लहसुन सेव और मुरैना की कुरकुरी गजक भी आने वाले मेहमानों को लुभा रही हैं। इसके अलावा खादी एवं ग्रामोद्योग का उपक्रम मृगनयनी, टीकमगढ़ से आईं मैटल की प्रतिमाएं, उज्जैन से पहुंची नेहरू जैकेट, सीधी से आईं दरियाँ भी इस मेले का आकर्षण हैं।
मोदी से लेकर मोहन तक
मप्र जोन के प्रवेश द्वारों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संदेश देने वाले इलेक्ट्रॉनिक डिसप्ले पर मौजूद हैं। इन्हीं के साथ मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव का मुस्कुराता चेहरा यहां आए शिल्पियों, उद्योगपतियों, कारोबारियों और विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारियों का मनोबल बढ़ा रहे हैं।
27 तक जारी रहेगा मेला
भारतीय अंतर्राष्ट्रीय व्यापार मेले का आगाज 14 नवम्बर को हुआ है। यह 27 नवंबर तक जारी रहेगा। शुरुआती 5 दिन यहां महज वीआईपी एंट्री ही है। इसके बाद यहां सभी मेहमानों के लिए सशुल्क प्रवेश खुला रहेगा।