मध्य प्रदेश के नवंबर-दिसंबर में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने सभी वर्गों को साधने वचन पत्र तैयार कर लिया है। इसमें सभी वर्गों महिला, किसान, युवा, अनुसूचित जाति, जनजाति, किसान, सामान्य वर्ग और कर्मचारियों के लिए प्रावधान किए गए हैं। इस बार कांग्रेस महिला एवं शहर और ग्रामीण क्षेत्र के लिए अलग-अलग वचन पत्र लेकर आएंगी। इसमें इस बात की भी जानकारी रहेगी कि किस वचन को कितने समय में पूरा किया जाएगा। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के निवास पर ढाई घंटे चली बैठक में निर्णय लिया गया कि एक वचन पत्र के लिए बैठक और होगी, जिसमें अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
पूर्व वित्त मंत्री एवं कांग्रेस विधायक तरूण भानोट ने मीडिया से चर्चा करते हुए बताया कि वचन पत्र समिति की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिये गये हैं, जिसमें पूर्व सीएम कमलनाथ द्वारा पूर्व में की गई घोषणाओं, जैसे 500 रू. में गैस सिलेण्डर, 1500 रू. महिलाओं को प्रतिमाह, कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन बहाली योजनाएं को शामिल किया गया। इसके अलावा कमलनाथ सरकार के दौरान की गई कर्ज माफी योजना, बिजली मुद्दें को लेकर कहा कि जैसे पहले बिजली के बिल कम से कम आते थे वैसे ही आएंगे जैसे विभिन्न प्रस्ताव वचन पत्र में शामिल होंगे। वहीं स्थानीय मुद्दों को दृष्टिगत रखते हुये कांग्रेस पार्टी हर जिले के लिए अलग-अलग वचन पत्र तैयार करेगी। उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी का वचन पत्र गेमचेंजर साबित होगा।
भानोट ने कहा कि कांग्रेस के वचन पत्र में गौशाला निर्माण, शिक्षा, चिकित्सा, कृषि, किसान, धार्मिक स्थानों का उत्थान, सामाजिक परिवेश, रोजगार, कानून-व्यवस्था, महिला सुरक्षा आदि विभिन्न मुद्दों पर बैठक में चर्चा हुई। वचन पत्र ग्रामीण क्षेत्रों के लिए ग्रामीण स्तर पर और शहरी क्षेत्र के लिए शहरी स्तर पर आवश्यकता अनुरूप अलग-अलग योजनाएं बनायी जायेंगी।
कांग्रेस वचन पत्र समिति की बैठक में कांग्रेस वचन पत्र समिति के अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी, नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह, पूर्व मंत्रीगण सज्जन सिंह वर्मा, मुकेश नायक, एन.पी. प्रजापति, बाला बच्चन, अजीता वाजपेयी पाण्डेय, पारस सखलेचा, वचन पत्र समिति के सदस्य बी.के. बाथम, मीडिया उपाध्यक्ष भूपेन्द्र गुप्ता, सैयद जाफर सहित समिति के अन्य सदस्य शामिल थे।