राजधानी भोपाल में चार साल पहले नाबालिग को प्रेम संबंध में फंसा कर दुष्कर्म करने के बाद हत्या करने के आरोपी को विशेष कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
विशेष पॉक्सो कोर्ट की जज शैलजा गुप्ता ने आरोपी अभिषेक जाट को दुष्कर्म, हत्या, साक्ष्य छिपाने और पॉक्सो एक्ट के तहत दोषी पाया। आरोपी पर हत्या के मामले में आजीवन कारावास एवं 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। वहीं, पॉक्सो एक्ट में 20 वर्ष सश्रम कारावास व 10 हजार रुपये का जुर्माना, धारा 201 में पांच वर्ष का सश्रम कारावास व दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
बता दें, राजधानी के थाना गौतम नगर में 11 अक्टूबर 2019 को रेशम केंद्र के पास पानी के गड्ढे में एक शव मिला था। शव की पहचान 16 वर्षीय नाबालिग, निवासी निशातपुरा के रूप में हुई थी। मृतका के शरीर पर चोट के निशान थे। पुलिस की जांच में मृतका के परिजनों ने पड़ोसी अभिषेक जाट पर शंका जाहिर की थी। अभिषेक और मृतका का दो साल से प्रेम संबंध था। पुलिस ने आरोपी अभिषेक को गिरफ्तार कर पूछताछ कर सबूत एकत्रित किए। मृतका प्रेम संबंध में विश्वास कर शादी करना चाहती थी, जिसका लाभ उठाकर आरोपी ने उसके साथ दो साल तक कई बार दुष्कर्म किया। इसके बाद सोच समझकर पत्थर और ब्लेड से उसकी हत्या कर दी। फिर शव को गड्ढे में डाल दिया था।
पैशाचिक कृत्य, विश्वास को कलंकित किया
कोर्ट ने अपने निर्णय में कहा कि आरोपी का कृत्य समाज के विश्वास आधारित संबंधों को कलंकित करने वाला पैशाचिक कार्य है। यह महिला के प्रति गंभीर अपराध है। आरोपी के प्रति नरम रूख नहीं अपनाया जा सकता।