भोपाल में गीता जयंती कार्यक्रम
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मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के ही दिन भगवन ने स्वयं सांदीपनि आश्रम में शिक्षार्थी के रूप में रहकर शिक्षा ग्रहण की थी। चारो वेद, 18 पुराण, 64 कलाए सबका निचोड़ भगवान को देने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि आजकल गूगल के सर्च इंजन के माध्यम से दुनिया में सबसे जयादा जिस पुस्तक के बारे में लोग जानकारी जानना चाहते हैं, वह हमारी पवित्र गीता जी हैं। उन्होंने कहा कि भगवान कृष्ण ने अपने जन्म से लेकर मृत्यु तक लीलाओं और आदर्शों के माध्यम से पूरे समाज को प्रेरणा दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गीता के तीसरे अध्याय में कर्मवाद और कर्मयोग की जो बात की गई है, वह हमारे जीवन में आदर्श आचार्य संहिता के रूप में प्रकट होती है। हमारी धर्म संस्कृति में सब कुछ है और पूजा पद्धतियों के प्रति कोई विरोध नहीं है, लेकिन हमें धर्म आधारित आचार संहिता का पालन करना चाहिए, जो हमारे परिवारों और रिश्तों को आदर्श रूप में स्थापित करती है। मुख्यमंत्री ने लाड़ली बहनाओं को भी बधाई दी और कहा कि आज उनके खाते में बड़ी राशि डालने का कार्य किया गया है। साथ ही, आज सरकार के एक साल पूरे होने पर दो कार्यक्रम भी जुड़े हैं। एक कार्यक्रम 11 से 26 दिसंबर 2024 तक प्रदेश में जन-कल्याण पर्व के रूप में मनाया जाएगा, जिसमें विभिन्न विकास कार्यों का शुभारंभ और लोकार्पण होगा। इस दौरान मुख्यमंत्री मोहन सरकार के एक वर्ष के कार्यकाल की उपलब्धियों का भी जश्न मनाया जाएगा। जन-कल्याण पर्व के दौरान प्रदेशभर में विभिन्न सरकारी योजनाओं और विकास परियोजनाओं की शुरुआत की जाएगी, जो प्रदेश की जनता के लिए लाभकारी साबित होंगी।