खंडवा लोकसभा सीट के साथ ही पृथ्वीपुर, जोबट और रैगांव विधानसभा क्षेत्रों के लिए 30 अक्टूबर को सुबह 7 से शाम 6 बजे तक मतदान होगा। इसके लिए प्रचार गुरुवार शाम 6 बजे थम गया है। प्रचार का अंतिम दिन होने से गुरुवार को चारों क्षेत्रों में गहमागहमी रही। 1 लोकसभा और 3 विधानसभा सीटों पर भाजपा और कांग्रेस में सीधा मुकाबला है।
मध्यप्रदेश के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय ने तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। चारों सीटों पर 865 मतदान केंद्रों की पहचान संवदेनशील के तौर पर की गई है। 1,235 मतदान केंद्रों पर वेबकास्टिंग और सीसीटीवी के जरिए निगरानी रखी जाएगी। खंडवा और रैगांव निर्वाचन क्षेत्र में 15 से अधिक उम्मीदवार होने के कारण दो-दो बैलेट यूनिट का उपयोग होगा।
अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी राजेश कौल ने बताया कि 26.50 लाख मतदाता उपचुनावों में मताधिकार का उपयोग करेंगे। मतदान के लिए कुल तीन हजार 944 केंद्र बनाए गए हैं। 10 हजार 27 इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन, पांच हजार 517 कंट्रोल यूनिट और पांच हजार 886 वीवीपैट का उपयोग किया जाएगा। मॉकपोल इस बार मतदान से 90 मिनट पहले होगा। कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए 16 हजार 338 लाइसेंसी हथियार, 332 गैर-लाइसेंसी हथियार जमा कराए गए हैं। दो हजार 170 गैर जमानती वारंट तामील कराए गए हैं। 24 क्षेत्रों को चिह्नित किया गया है, जहां मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश हो सकती है। खर्च पर निगरानी के अंतर्गत 4.16 करोड़ रुपए नकद जब्त हुए हैं।
प्रक्रिया में बदलाव की वजह से 72 घंटे पहले थमा प्रचार
चुनाव आयोग ने आचार संहिता प्रक्रिया में बदलाव किया है। अब तक मतदान से 48 घंटे पहले चुनाव प्रचार थमता था। इस बार 72 घंटे का नियम लागू किया गया है। इस वजह से गुरुवार शाम 6 बजे प्रचार थम गया। प्रचार के अंतिम दिन जहां मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष वीडी शर्मा ने संयुक्त सभाओं को संबोधित किया, वहीं राजस्थान से सचिन पायलट के साथ कमलनाथ ने खंडवा में सभा ली। नई व्यवस्था के तहत छह बजे बाहरी लोगों को मतदान क्षेत्रों से बाहर होना होगा। वे मतदान को प्रभावित कर सकते हैं, इस वजह से उन्हें उन क्षेत्रों में रहने की इजाजत नहीं रहेगी।