राज्य शिक्षा केंद्र ने पांचवी-आठवीं बोर्ड पटर्न परीक्षा के परिणाम जारी कर दिए। दोनों ही परीक्षा में नरसिंहपुर जिला टॉप पर है। बेहतर प्रदर्शन करने वाले जिलों में दोनों ही परीक्षा में भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर टॉप 10 में भी शामिल नहीं है।
मध्य प्रदेश राज्य शिक्षा केंद्र ने पांचवी और आठवीं बोर्ड पैटर्न परीक्षा के परिणाम मंगलवार जारी कर दिए है। पांचवी कक्षा की परीक्षा में 12 लाख 33 हजार 688 छात्र-छात्राएं सम्मिलित हुए। जिसमें से 11 लाख 22 हजार 320 पास हुए। औसत रिजल्ट 90.97 प्रतिशत रहा। वहीं, आठवीं कक्षा की परीक्षा में 11 लाख 37 हजार 387 छात्र-छात्राएं सम्मिलित हुए थे। जिसमें से 9 लाख 97 हजार 553 छात्र-छात्राएं उत्तीर्ण हुए है। औसत रिजल्ट 87.71 प्रतिशत रहा। इस साल ग्रामीण बच्चों का परिणाम शहरी बच्चों से बेहतर आया है। वहीं, दोनों ही कक्षाओं के रिजल्ट में नरसिंहपुर जिला टॉप पर है। पांचवी कक्षा में जिले के 98.72 प्रतिशत और आठवीं कक्षा में जिले के 98.35 प्रतिशत बच्चे पास हुए है। अनुत्तीर्ण बच्चों के लिए मई अंतिम सप्ताह में सप्लीमेंट्री परीक्षा आयोजित कर एक और मौका दिया जाएगा।
दोनों ही परीक्षा में बालिकाओं ने मारी बाजी
पांचवी कक्षा के शासकीय स्कूल के 91.53 प्रतिशत बच्चे पास हुए है। वहीं, अशासकीय स्कूल के 90.18 प्रतिशत बच्चे, मदरसा के 73.26 प्रतिशत परीक्षा परिणाम रहा। वहीं, आठवीं कक्षा में शासकीय स्कूल में 86.22 प्रतिशत, अशासकीय स्कूल के 90.60 प्रतिशत, मदरसा के 67.40 प्रतिशत परीक्षा परिणाम रहा। पांचवी में बालिकाओं का उत्तीर्ण होने का प्रतिशत 92.41 प्रतिशत और बालक का 89.62 प्रतिशत रहा। वहीं, आठवीं कक्षा में बालिकाओं के पास होने का प्रतिशत 89.56 प्रतिशत और बालक के पास होने का प्रतिशत 85.94 प्रतिशत रहा।
मदरसों का परिणाम सरकारी और प्राइवेट स्कूल से पीछे
कक्षा पांच की बात करें तो सरकारी स्कूलों का पास प्रतिशत 91.53% रहा, जबकि प्राइवेट स्कूलों में 90.18% बच्चे ही पास हुए। मदरसे में 73.26% बच्चे ही पास हो सके। कक्षा आठ की बात करें तो सरकारी स्कूलों का पास प्रतिशत 86.22% रहा, जबकि प्राइवेट स्कूलों में 90.60% बच्चे पास हुए। मदरसों का पास प्रतिशत 67.40% ही रहा।
ग्रामीण स्कूलों का रिजल्ट बेहतर
ग्रामीण और शहरी स्कूलों की तुलना करें तो पांचवीं और आठवीं में ग्रामीण स्कूलों का प्रदर्शन शहरी स्कूलों से बेहतर रहा है। कक्षा पांचवीं में ग्रामीण स्कूलों में पास प्रतिशत 92.60% रहा, जबकि शहरी स्कूलों में 86.19% बच्चे ही पास हुए है। इसी तरह आठवीं कक्षा में ग्रामीण स्कूलों के 88.35 प्रतिशत बच्चे पास हो गए। वहीं, कक्षा आठवीं में शहरी स्कूलों में 86.04 प्रतिशत बच्चे ही पास हुए।
संभागवार परीक्षा परिणाम कक्षा 8वीं
- इंदौर- 92.80 %
- नर्मदापुरम -90.59 %
- जबलपुर- 90.46 %
- चंबल- 90.28 %
- भोपाल- 88.77 %
- ग्वालियर- 88.33 %
- शहडोल- 87.63 %
- उज्जैन- 86.64 %
- रीवा- 83.79 %
- सागर- 78.29 %
कक्षा 5वीं का परीक्षा परिणाम
- शहडोल- 94.74%
- इंदौर- 94.31%
- चंबल - 94.22%
- जबलपुर- 93.99%
- नर्मदापुरम - 93.94%
- ग्वालियर - 91.14%
- भोपाल - 90.18%
- रीवा - 89.12%
- उज्जैन - 88.21%
- सागर- 83.36 %