लोकसभा चुनाव में भाजपा ने प्रदेश की 29 की 29 सीटें जीतने का लक्ष्य तय किया है। इसके लिए हर संभव कोशिश में पार्टी जुटी हुई है। इसके लिए नेता लगातार जनता से संवाद और संपर्क कर रहे हैं। इस बीच केंद्रीय नेतृत्व ने दिग्गज नेताओं को ज्यादा से ज्यादा दौरे रोड से करने के निर्देश दिए हैं। इसकी वजह जनता से जुड़ाव और पार्टी के नेताओं में सादगी दिखाना है। प्रदेश में चार चरण में चुनाव हैं। पहले चरण के लिए नाम निर्देशन पत्र जमा करने का सिलसिला शुरू हो गया है। आचार संहिता शुरू होने पर पार्टी ने एक विमान मुख्यमंत्री को उपलब्ध कराया है। वहीं, एक हेलीकॉप्टर बुक किया है, लेकिन अभी वह मिला नहीं है। पार्टी के नेताओं का कहना है कि जल्द ही हेलीकॉप्टर आ जाएगा।
पिछली बार 8 हेलीकॉप्टर रिजर्व थे
बता दें विधानसभा चुनाव 2023 में तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, कैलाश विजयवर्गीय, प्रहलाद पटेल, नरेंद्र सिंह तोमर ने हवाई यात्राएं की थीं। प्रदेश भाजपा ने विधानसभा चुनाव में 8 हेलीकॉप्टर और चार विमान रिजर्व में रखे थे। इस पर भारी भरकम राशि भी खर्च की थी।
55 करोड़ रुपए का भुगतान रोका
प्रदेश भाजपा के हेलीकॉप्टर और विमान रिजर्व में नहीं लेने पर यह बात सामने आ रही है कि विधानसभा चुनाव के समय का हेलीकॉप्टर, विमान किराया, गाड़ियों का किराया, प्रचार सामग्री समेत नुक्कड़ नाटक का करीब 55 करोड़ रुपए का भुगतान बकाया है। ऐसे में चर्चा है कि संबंधित एजेंसियों ने सेवाएं देने से हाथ पीछे खींच लिए हैं। अब पार्टी ने चुनाव प्रचार में किसी प्रकार की दिक्कत से बचने के लिए संबंधित एजेंसियों से बातचीत शुरू की है। हालांकि यह भी बताया जा रहा है कि कुछ बिलों को सेटलमेंट करने की बात भाजपा नेता भी स्वीकार कर रहे हैं।
नेता बोले- आवश्यकता अनुसार लेते हैं सेवा
पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने नाम न छापने के अनुरोध पर बताया कि आवश्यकता अनुसार ही हेलीकॉप्टर और विमान की सेवा लेने को लेकर निर्णय लिया गया है। अभी होली और रंगपंचमी है। अब जरूरत के हिसाब से किराए पर ले रहे हैं।