मध्यप्रदेश में मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। प्रदेश के ऊपरी हिस्से में दो मौसम प्रणालियां सक्रिय होने से अगले चार दिन कई जिलों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। सोमवार को रीवा और सागर संभाग के छह जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मालवा-निमाड़ में हल्की बारिश होने के आसार हैं। मौसम केंद्र भोपाल के मुताबिक अगले 24 घंटे में निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना और रीवा में भारी बारिश हो सकती है। वहीं भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, राजगढ़, इंदौर, धार, उज्जैन, ग्वालियर, शिवपुरी, मुरैना, भिंड, श्योपुर, जबलपुर, कटनी, छिंदवाड़ा, सिवनी, नरसिंहपुर, बालाघाट, मंडला, डिंडोरी, सागर, दमोह समेत कई जिलों में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश का अनुमान है। रविवार को भी प्रदेश के कई हिस्सों में तेज बारिश हुई। भोपाल के कलियासोत बांध के दो गेट दोबारा खोलने पड़े। इससे पहले शनिवार रात चार गेट खोले गए थे, लेकिन पानी छोड़ने के बाद रात करीब 12 बजे उन्हें एक-एक कर बंद कर दिया गया था।
23 जिलों में औसत से ज्यादा बारिश
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार अनूपपुर, छतरपुर, मैहर, मंडला, मऊगंज, निवाड़ी, पन्ना, सतना, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, टीकमगढ़, उमरिया, भिंड, भोपाल, बुरहानपुर, दतिया, गुना, ग्वालियर, खरगोन, राजगढ़, श्योपुर और शिवपुरी में औसत से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। इसके उलट प्रदेश के कई जिलों में अभी भी बारिश का आंकड़ा सामान्य से नीचे है। बालाघाट, छिंदवाड़ा, डिंडौरी, दमोह, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सागर और सिवनी में करीब 2 से 23 प्रतिशत तक कम बारिश हुई है।
पश्चिमी हिस्से में अब भी बारिश की कमी
आगर-मालवा, आलीराजपुर, अशोकनगर, बैतूल, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, मंदसौर, मुरैना, नर्मदापुरम, नीमच, बड़वानी, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन और विदिशा समेत कई जिलों में सामान्य से कम पानी गिरा है। इन क्षेत्रों में कमी करीब 1 से 54 प्रतिशत तक है।
जून की कमी अब तक पूरी नहीं
जून में प्रदेश में सामान्य से करीब 14 प्रतिशत कम बारिश हुई थी। जुलाई और अगस्त में कई दौर में अच्छी बारिश हुई, लेकिन जून की कमी पूरी नहीं हो सकी। मानसून के बीच में दो बार ब्रेक आने से भी बारिश का आंकड़ा प्रभावित हुआ। अगस्त के आखिरी सप्ताह में सक्रिय हुए मजबूत सिस्टम ने पूर्वी मध्यप्रदेश में बारिश की कमी काफी हद तक कम की। इसके बावजूद प्रदेश में अब तक कुल बारिश सामान्य से करीब 6 प्रतिशत कम है।
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37.3 इंच है प्रदेश की सामान्य बारिश
मध्यप्रदेश में मानसून सीजन के दौरान सामान्य बारिश करीब 37.3 इंच मानी जाती है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर में सामान्य बारिश करीब 38 से 39 इंच के बीच रहती है। आने वाले चार दिनों की बारिश से प्रदेश के मौजूदा आंकड़े में और सुधार होने की उम्मीद है।