भोपाल के हाई सिक्योरिटी जोन चार इमली में चोरी की एक घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां खनिज विभाग के प्रमुख सचिव और आईएएस अधिकारी विवेक पोरवाल के सरकारी बंगले से बदमाश चंदन का पेड़ काटकर ले गए। वारदात नंदन कानन पार्क के पास स्थित आवास में हुई। इस इलाके में प्रदेश सरकार के मंत्री, वरिष्ठ आईएएस और आईपीएस अधिकारी रहते हैं। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगालकर संदिग्धों की तलाश कर रही है।
तड़के 4 से 5 बजे के बीच काटा गया चंदन का पेड़
जानकारी के अनुसार, नंदन कानन पार्क के पास स्थित विवेक पोरवाल के सरकारी आवास में तैनात होमगार्ड जवान ने चंदन का पेड़ कटा हुआ देखा। इसके बाद बंगले के स्टाफ के माध्यम से पुलिस को सूचना दी गई। बताया जा रहा है कि अधिकारी फिलहाल विभागीय कार्य से सरकारी दौरे पर हैं।
पुलिस को आशंका है कि वारदात तड़के चार से पांच बजे के बीच हुई। हबीबगंज थाना पुलिस घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि संदिग्धों की पहचान की जा सके।
सीसीटीवी फुटेज से संदिग्धों की पहचान में जुटी पुलिस
थाना प्रभारी संजीव चौकसे के मुताबिक, पुलिस को घटना की जानकारी मिल गई है और टीम जांच कर रही है। मामले में कुछ संदिग्धों को चिह्नित किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। हालांकि, वारदात में शामिल लोगों की संख्या और उनके बंगले तक पहुंचने के तरीके को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के साथ अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही घटना से जुड़े अन्य तथ्य सामने आ सकेंगे।
चार इमली में पहले भी हो चुकी हैं चोरी और लूट की घटनाएं
चार इमली भोपाल के प्रमुख वीआईपी और संवेदनशील आवासीय इलाकों में गिना जाता है। यहां मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों के सरकारी आवास हैं। इसके बावजूद इलाके में चोरी और लूट की घटनाएं सामने आती रही हैं। चंदन का पेड़ काटकर ले जाने की वारदात के बाद एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं।
बताया जा रहा है कि इस घटना से करीब चार दिन पहले भी महिलाओं के ऐसे सीसीटीवी फुटेज सामने आए थे, जिनमें वे बंगलों के बाहर चोरी करती दिखाई दे रही थीं। इसके अलावा, करीब तीन महीने पहले प्रदेश के पूर्व मंत्री अजय विश्नोई के चार इमली स्थित आवास में भी चोरी की घटना हुई थी।
डिप्टी कलेक्टर के आवास से चोरी
चार इमली में डिप्टी कलेक्टर अलका सिंह वामनकर के सरकारी आवास से लाखों रुपये का सामान चोरी होने का मामला भी सुर्खियों में रहा था। वहीं, इसी इलाके में आईजी इंटेलिजेंस डॉ. आशीष से झपटमारों द्वारा दो मोबाइल फोन लूटे जाने की घटना भी सामने आ चुकी है।
एक साल के भीतर वीआईपी क्षेत्र में चोरी और लूट की कई घटनाओं का जिक्र सामने आने से सुरक्षा इंतजामों को लेकर सवाल उठ रहे हैं। वरिष्ठ अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के आवास वाले इस इलाके में लगातार हो रही वारदातें पुलिस के लिए चुनौती बन रही हैं।
जांच के बाद स्पष्ट होगी वारदात की पूरी तस्वीर
फिलहाल हबीबगंज थाना पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर संदिग्धों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि बदमाश कितने थे और वे किस रास्ते से बंगले तक पहुंचे। पुलिस की जांच और आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही वारदात से जुड़ी पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।