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Heavy Rain in Bhopal: ताल बना भोपाल, कई इलाके जलमग्न, नाव चलाकर लोगों को निकाला, 24 घंटे में 14 इंच वर्षा

Mon, 22 Aug 2022 09:02 PM IST
अंकिता विश्वकर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

अति भारी बारिश और तेज हवा के कारण कई जगहों पर पेड़ धराशायी हो गए हैं। वहीं, कई जगहों पर बिजली की लाइन पर पेड़ों के गिरने और खंभों के टेड़े होने के चलते देर रात से विद्युत आपूर्ति बाधित है। भोपाल के कई हिस्सों में मेजर शटडाउन है।
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नरेला विधानसभा के महामाई का बाग एवं ऐशबाग क्षेत्र में फंसे लोगों को नाव से सुरक्षित निकाला गया। - फोटो : सोशल मीडिया
मध्यप्रदेश के कई जिलों में बीते दो दिनों से भारी बारिश जारी है। राजधानी भोपाल में बीते 54 घंटे से लगातार बारिश जारी है। 24 घंटे में करीब 14 इंच वर्षा हो चुकी है। बारिश के कहर के चलते जनजीवन अस्त व्यस्त है। अति भारी बारिश और तेज हवाओं के कारण कई जगहों पर पेड़ धराशायी हो गए हैं। वहीं, कई जगहों पर बिजली की लाइन पर पेड़ों के गिरने और खंभों के टेड़े होने के चलते देर रात से विद्युत आपूर्ति बाधित है। भोपाल के कई हिस्सों में मेजर शटडाउन है। हालांकि बिजली विभाग ने दोपहर दो बजे तक विद्युत आपूर्ति सुचारू रूप से जारी करने की बात कही है। जिले में 12 घंटे में 6 इंच बारिश दर्ज की गई। करीब 150 कॉलोनियों में पानी घुस गया है, जबकि करीब 200 इलाकों में बिजली गुल है। बड़े तालाब में भारी बारिश और तेज हवाओं के कारण क्रूज का आधा हिस्सा पानी में डूब गया।

भोपाल के लगातार हो रही बारिश से कई कॉलोनियों में जलभराव हुआ है। नरेला विधानसभा के महामाई का बाग एवं ऐशबाग क्षेत्र में फंसे लोगों को नाव से सुरक्षित निकाला गया। मंत्री विश्वास सारंग राहत बचाव कार्य के लिए उतरे। सारंग ने कहा कि नरेला विधानसभा में बने ड्रेनेज सिस्टम के कारण 2008 एवं 2012 बाढ़ की स्थिति निर्मित नहीँ हुई, परंतु लगातार 48 घंटे से हो रही बारिश के चलते नरेला विधानसभा के निचले क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बन गई।  नागरिकों को क्षेत्र के स्कूलों में बने राहत शिविरों में पहुंचाया गया। इन स्कूलों में नागरिकों के रहने एवं भोजन की समूचित व्यवस्था की गई है। 



भोपाल बारिश से तरबतर। बड़े तालाब में डूबा क्रूज। स्कूलों की छुट्टी। कई इलाकों में पेड़ गिरने से बिजली गुल। कलियासोत, भदभदा डैम के गेट खोले। — Amar Ujala (@AmarUjalaNews) August 22, 2022 ">http://
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भोपाल में भारी बारिश से जनजीवन प्रभावित - फोटो : अमर उजाला
रेड अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने प्रदेश के 39 जिलों में अति भारी बारिश की चेतावनी देते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। आगामी 24 घंटे में भोपाल में भारी बारिश की चेतावनी मौसम विभाग ने दी है। भोपाल में बीते 24 घंटों में 190.5 मिमी बारिश दर्ज की गई है।

 



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वर्धमान अपार्टमेंट के पास कार पर गिरा पेड़ - फोटो : अमर उजाला
पेड़ गिरने से बाइक सवार की मौत
भारी बरसात के चलते एक बाइक सवार पर अचानक पेड़ गिर गया। हादसे में बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। हादसा प्रकाश तरण पुष्कर स्विमिंग पूल के सामने का है। भोपाल के कई इलाकों में तेज हवा चलने से पेड़ गिरने की खबरें हैं। कमला पार्क से वीआईपी रोड जाने वाली सड़क पर भी एक पेड़ गिर गया। सीएम आवास के पास श्यामला हिल्स स्थित वर्धमान  अपार्टमेंट के पास एक पेड़ कार पर जा गिरा, जिससे कार बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई।

बावड़िया कलां की इंडस एम्पायर कॉलोनी में पानी भरा गया है। कॉलोनी में लोग फस गए।  एसडीआरएफ की टीम परिवारों को सुरक्षित निकालने में लगी हुई है। बैरसिया में संजय सागर बांध परियोजना के गेट खोले जाने से कई गावों में पानी भर गया है। यहां कुछ प्रभावित परिवारों को स्थानीय स्कूलों में भेजा गया है और खान-पान की व्यवस्था की गई है। पार्वती नदी में भी बाढ़ की स्थिति है। 

कलिया सोत बांध के गेट खुलने से समरधा टोला के लगभग 25 परिवारों को अंवतिका स्कूल में सुरक्षित पहुंचाया गया है। महापौर मालती राय और कलेक्टर अविनाश लवानिया ने कंट्रोल रूम का भी निरीक्षण किया और वहां प्राप्त शिकायतों पर की जा रही कार्रवाई की समीक्षा की। कलेक्टर ने नगर निगम आयुक्त को निर्देश दिए हैं कि वे अमले को अलर्ट करें कि कहीं भी जान-माल का नुकसान नहीं हो। 

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भोपाल से जोड़ने वाले कई रास्ते बंद - फोटो : अमर उजाला
भोपाल-सिरोंज मार्ग बंद
भारी बारिश के चलते भोपाल सिरोंज मार्ग बंद हो गया है। संजय सागर बांध के गेट खुलने से पानी नहरआई पुल के ऊपर से बह रहा है। वहीं, नदी के आसपास बसे कई गांव जलमग्न हो गए हैं। प्रशासन ने एक दिन पहले ही यहां अलर्ट जारी किया था। ईटखेड़ी नदी के उफान पर होने से बैरसिया-भोपाल मार्ग भी बंद हो गया है। बैरसिया के धामर्रा गांव में तालाब की पाल टूटने की आशंका है। ग्राम पंचायत अपने स्तर पर पाल को मजबूत करने में जुटी है। तालाब करीब 50 एकड़ में बना है। पाल के टूटने से गांव के जलमग्न होने का खतरा मंडरा रहा है।
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बारिश से अस्त व्यस्त बोट क्लब - फोटो : अमर उजाला
बड़ी झील में आधा क्रूज डूबा
राजधानी के भोज ताल पर तेज हवा और बारिश का कहर देखने को मिला। यहां भारी बारिश के चलते आधा क्रूज पानी में डूब गय। बड़े तालाब को खाली करने के लिए भदभदा डैम के सभी गेट खोले गए हैं, जिसके चलते कलियासोत डैम लबालब हो गया है। नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है।

छतरपुर में अलर्ट
छतरपुर में भारी बारिश के चलते जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। बानसुजारा बांध ओवरफ्लो होने के चलते बांध से पानी छोड़ा गया। जिससे धसान नदी की जलस्तर बढ़ गया है। सोमवार रात 11बजे से नदी में लगभग 2500 से 3000 क्यूमैक्स पानी छोड़ा जा रहा है। 
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कई फ्लाइट कैंसिल और डायवर्ट - फोटो : अमर उजाला
हवाई सेवा भी प्रभावित
भारी बारिश के कारण भोपाल में हवाई सेवा भी प्रभावित है। राजाभोज एयरपोर्ट पर जीरो विजिबिलिटी होने के कारण फ्लाइट लैंड  नहीं हो पा रही है। भोपाल आने वाली कुछ फ्लाइट कैंसिल और  कुछ डायवर्ट की गई हैं। एयर इंडिया की दिल्ली फ्लाइट को इंदौर डाइवर्ट किया गया है। वहीं, एयर इंडिया की मुंबई फ्लाइट को नागपुर में उतारा गया। इंडिगो एयरलांइस की दिल्ली फ्लाइट खराब मौसम के कारण कैंसिल कर दी गई है। सिर्फ इंडिगो एयर की बेंगलुरु-भोपाल फ्लाइट को राजा भोज एयरपोर्ट पर लैंड किया गया।

भोपाल में पिछले 20 घंटे से शहर के बड़े हिस्से में बिजली गुल होने से लोगो की समस्या बढ़ गई है। शहर को कॉलोनियों में पानी की दिक्कत हो गई है। विद्युत मंडल की टीम भी विद्युत प्रवाह सुचारू बनाने के काम में लगी हुई है। कमलनाथ ने भी बिजली गुल होने पर सवाल उठाए हैं। 

उन्होंने कहा है कि बड़ी ही शर्मनाक स्थिति है कि मध्यप्रदेश की राजधानी के अधिकांश हिस्सों में रात भर से ही बिजली ग़ायब है, भोपाल घंटों से अंधेरे में डूबा हुआ है। जनता हाहाकार कर रही है, परेशान है, सुनने वाला कोई भी नहीं है, सारे ज़िम्मेदार मैदान से ग़ायब हैं। आयोजनों में व्यस्त है। कमलनाथ ने कहा कि बिजली संकट के कारण जनता को जलसंकट का सामना भी करना पड़ रहा है। अफ़सोस की बात है कि यह स्थिति प्रदेश की राजधानी भोपाल की है। बाक़ी प्रदेश की स्थिति खुद समझी जा सकती है। यह है भाजपा सरकार के 18 वर्ष के स्वर्णिम विकास व तमाम दावों की हक़ीक़त। 
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