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हाईवे जाम के बाद टकराव: नेता प्रतिपक्ष समेत कई नेताओं पर FIR दर्ज, सिंघार बोले-सरकार किसानों की आवाज से डर गई

Sat, 09 May 2026 02:09 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल

सार

किसानों की मांगों को लेकर कांग्रेस के हाईवे जाम आंदोलन के बाद नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार समेत कई कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं पर प्रकरण दर्ज किया गया है। इसके बाद सियासत गरमा गई है। उमंग सिंघार ने सरकार पर किसानों की आवाज दबाने का आरोप लगाया, जबकि प्रशासन ने कानून व्यवस्था बिगड़ने के कारण कार्रवाई करने की बात कही है।
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कांग्रेस द्वारा किया गया चक्का जाम - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मध्य प्रदेश में किसानों की मांगों को लेकर कांग्रेस द्वारा किए गए चक्का जाम आंदोलन के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। प्रशासन ने नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार समेत कांग्रेस के कई विधायकों और सैकड़ों कार्यकर्ताओं के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। कार्रवाई के बाद कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर दमनात्मक रवैया अपनाने का आरोप लगाया है। दरअसल प्रदेश के कई हिस्सों में कांग्रेस ने किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य, फसल बीमा, खाद-बीज और बिजली की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया था। खलघाट सहित कई जगहों पर हाईवे जाम कर विरोध जताया गया। इसके बाद पुलिस ने आंदोलन में शामिल नेताओं और कार्यकर्ताओं पर मामले दर्ज किए।
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उमंग सिंघार का सरकार पर हमला
प्रकरण दर्ज होने के बाद नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सोशल मीडिया पर सरकार को घेरा। उन्होंने लिखा कि भाजपा सरकार किसानों की आवाज से डर गई है। सिंघार ने कहा कि किसानों के हक की बात करने पर सरकार समाधान देने के बजाय मुकदमे दर्ज कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या न्यूनतम समर्थन मूल्य मांगना अपराध है? क्या किसानों की फसल बीमा, खाद और बिजली की समस्याएं उठाना गुनाह है? उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसानों की लड़ाई लगातार लड़ती रहेगी। जरूरत पड़ी तो कार्यकर्ता लाठी भी खाएंगे और जेल भी जाएंगे।

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कांग्रेस ने बताया राजनीतिक दबाव
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि सरकार किसानों के मुद्दों से ध्यान हटाने के लिए कार्रवाई कर रही है। पार्टी इसे लोकतांत्रिक अधिकारों को दबाने की कोशिश बता रही है। वहीं प्रशासन का कहना है कि हाईवे जाम होने से यातायात और कानून व्यवस्था प्रभावित हुई, इसलिए नियमानुसार कार्रवाई की गई है।
 
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