फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bhopal: भोपाल में पशुपालन विभाग के 6 एकड़ जमीन में कब्जाधारियों को नोटिस देना शुरू, जल्द शुरू होगी कार्रवाई

Mon, 08 Sep 2025 09:21 PM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

भोपाल के अनंतपुरा कोकता में हुए सीमांकन में पशुपालन विभाग की जिस जगह पर कब्जा है। वहां के लोगों को सोमवार से नोटिस देने की प्रक्रिया शुरू की गई है। जल्द ही कार्रवाई शुरू की जाएगी। हालांकि इससे पहले कब्जाधारियों को अपना पक्ष रखने का मौका दिया जाएगा।
विज्ञापन
डायमंड सिटी के लोग - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजधानी भोपाल के अनंतपुरा कोकता में हुए सीमांकन में पशुपालन विभाग की जिस जगह पर कब्जा है। वहां के लोगों को सोमवार से नोटिस देने की प्रक्रिया शुरू की गई है। गोविंदपुरा तहसीलदार सौरभ वर्मा ने बताया कि नोटिस देना शुरू कर दिया गया है। जल्द ही कार्रवाई शुरू की जाएगी। हालांकि इससे पहले कब्जाधारियों को अपना पक्ष रखने का मौका दिया जाएगा।
विज्ञापन



यहां मिला है कब्जा
बतादें कि सीमांकन में नगर निगम की 50 दुकान, पेट्रोल पंप और एसटीपी यानी, सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का बनाया जाना भी सामने आया था। 5 एकड़ जमीन पर कृषि से जुड़े काम और खेती कराना, 200 फीट कोकता बायपास का निर्माण भी हुआ। सीमांकन रिपोर्ट के अनुसार- 4 कॉलोनी के गेट, सड़क और पार्क भी कब्जे में शामिल हैं। वहीं, डायमंड सिटी कॉलोनी में 20 मकान, एक प्राइवेट स्कूल, शादी हॉल/रिसोर्ट, 1 एकड़ जमीन पर खेती, फार्म हाउस और पक्का निर्माण और 130 डेसीमल भूमि पर अवैध तरीके से खेती करना पाया गया है।
 
यह भी पढ़ें-भोपाल में PWD चीफ इंजीनियर के घर सत्यनारायण कथा का अनोखा आमंत्रण, सरकारी नोटशीट जारी कर बुलाया
विज्ञापन
विज्ञापन


दस्तावेज देखकर ही जमीन खरीदी
डायमंड सिटी के लोगों ने एसडीएम रवीशकुमार श्रीवास्तव को आवेदन भी दिया है। ताकि, कार्रवाई न हो सके। कॉलोनी के लोगों का कहना है कि उन्होंने सारे दस्तावेज देखकर ही जमीन खरीदी थी। उस समय प्रशासन ने रजिस्ट्री के बाद नामांतरण, बंटवारे जैसी प्रक्रिया भी की। इसके बाद बैंकों से लोन मिला। अब कब्जा बताया जा रहा है। जानकारी के मुताबिक सबसे पहले कमर्शियल कब्जों पर कार्रवाई होगी। नगर निगम की दुकानों को लेकर सरकारी प्रक्रिया हो सकती है। इससे दुकानें तोड़ने वाली जद में नहीं आएगी। बता दें कि 65 एकड़ जमीन के सीमांकन के बाद पिछले सप्ताह बुधवार को कलेक्टर सिंह को रिपोर्ट दे दी गई थी।

यह भी पढ़ें-एमपी में फिजियोथैरेपी का उपयोग बढ़ा, साधन नहीं,ढाई साल बाद भी नहीं शुरू हो पाया कोर्स
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें