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Bhopal News: ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में मध्यप्रदेश बंद, भोपाल समेत 41 हजार मेडिकल स्टोर्स पर ताले

Wed, 20 May 2026 04:24 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल

सार

ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में मध्यप्रदेशभर में 41 हजार मेडिकल स्टोर्स बंद रहे। भोपाल में भी 3 हजार से ज्यादा दवा दुकानों पर ताले लगे। दवा कारोबारियों ने ऑनलाइन फार्मेसी को मरीजों की सुरक्षा के लिए खतरा बताते हुए प्रदर्शन किया, जबकि अस्पतालों के मेडिकल स्टोर्स खुले रखे गए।
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विरोध प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मध्यप्रदेश में बुधवार को दवा कारोबार पर बड़ा असर देखने को मिला। ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में प्रदेशभर के करीब 41 हजार मेडिकल स्टोर्स बंद रखे गए। राजधानी भोपाल में भी 3 हजार से ज्यादा दवा दुकानों ने बंद का समर्थन किया, जिससे शहर के प्रमुख मेडिकल बाजारों में दिनभर सन्नाटा पसरा रहा। हालांकि अस्पताल परिसरों के भीतर संचालित मेडिकल स्टोर्स खुले रहे, ताकि गंभीर मरीजों को परेशानी न हो। यह बंद ऑल इंडिया ऑर्गनाइजेशन ऑफ केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स के आह्वान पर किया गया। दवा व्यापारियों ने ऑनलाइन फार्मेसी व्यवस्था के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए कहा कि बिना पर्याप्त निगरानी के दवाइयों की बिक्री मरीजों की सुरक्षा के लिए खतरा बन रही है।
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भोपाल में सड़कों पर उतरे दवा कारोबारी
राजधानी भोपाल में सुबह से ही दवा व्यापारी एकत्रित होकर विरोध प्रदर्शन करते नजर आए। थोक दवा बाजार में कारोबारियों ने नारेबाजी की और ऑनलाइन दवा बिक्री के खिलाफ आवाज उठाई। प्रदर्शन के बाद प्रशासन को ज्ञापन सौंपने की तैयारी भी की गई। कारोबारियों का कहना है कि मेडिकल स्टोर्स पर प्रशिक्षित फार्मासिस्ट की मौजूदगी में दवाइयां दी जाती हैं, जबकि ऑनलाइन बिक्री में इस प्रक्रिया की सही निगरानी नहीं हो पाती।

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मरीजों की सुरक्षा का मुद्दा सबसे बड़ा
दवा व्यापारियों ने आरोप लगाया कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर फर्जी प्रिस्क्रिप्शन, भारी छूट और बिना पर्याप्त जांच के दवाइयों की सप्लाई हो रही है। उनका कहना है कि इससे गलत दवाओं के इस्तेमाल और प्रतिबंधित दवाओं के दुरुपयोग का खतरा बढ़ सकता है। व्यापारियों ने साफ कहा कि उनका विरोध केवल कारोबार तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मरीजों की सुरक्षा और दवा वितरण व्यवस्था को नियंत्रित रखने का मुद्दा भी है।
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अस्पतालों को रखा गया बंद से अलग
बंद के बावजूद अस्पतालों के भीतर चल रहे मेडिकल स्टोर्स को राहत दी गई है। इसके अलावा जरूरतमंद मरीजों तक दवाइयां पहुंचाने के लिए जिला स्तर पर वैकल्पिक व्यवस्था भी बनाई गई है, ताकि आपात स्थिति में किसी को परेशानी न हो।
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