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Bhopal: देश में एमपी वरिष्ठ नागरिकों के आयुष्मान कार्ड बनाने में टॉप पर,केरल सेकंड, 2 लाख से ज्यादा बने कार्ड

Wed, 13 Nov 2024 06:34 PM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

मध्य प्रदेश 70 साल से ऊपर के बुजुर्गों के आयुष्मान कार्ड बनाने के मामले में देश में टॉप में है। वहीं दूसरे नंबर पर केरल है। मध्य प्रदेश में अब तक 2 लाख से ज्यादा कार्ड बनाए जा चुके हैं। यहां हर दिन 30 से 35 हजार लोगों के कार्ड बनाया जा रहा है।
 
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आयुष्मान कार्ड के हितग्राही - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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वरिष्ठ नागरिकों के आयुष्मान कार्ड बनाने के मामले में  मध्यप्रदेश पूरे देश में अग्रणी है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी आयुष्मान भारत योजना डॉ. योगेश भरसट ने बताया कि मध्यप्रदेश में 70 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों के अब तक 2 लाख 667 आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं। वहीं केरल में अब तक 1 लाख 76 हज़ार 167 कार्ड बनाए गए हैं। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने प्रदेश में वरिष्ठ नागरिकों के लिए आयुष्मान कार्ड प्रगति पर सभी अधिकारियों, आशा कार्यकर्ता, एएनएम और सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों की सराहना की है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत सभी पात्र वरिष्ठ नागरिकों तक स्वास्थ्य सुरक्षा पहुंचने के लिए संकल्पबद्ध है।
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15 जनवरी तक 34 लाख से ज्यादा कार्ड बनाने का लक्ष्य
डॉ भरसट ने बताया कि मध्यप्रदेश में प्रतिदिन लगभग 30 से 35 हज़ार वरिष्ठ नागरिकों के आयुष्मान कार्ड बन रहे हैं। डॉ भरसट ने बताया कि लक्षित 34 लाख 73 हज़ार 325 आयुष्मान कार्ड 15 जनवरी तक बना लिए जाएंगे। इसके लिए कार्ययोजना तैयार कर ली गई है। आशा कार्यकर्ता, एएनएम और सीएचओ के द्वारा डोर टू डोर दस्तक दी जा रही है। विशेष कैंप आयोजित किए जा रहे हैं।

हितग्राही घर बैठे ही बना सकते हैं आयुष्मान कार्ड 
सीईओ डॉ भरसट ने बताया कि आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB PM-JAY) के अंतर्गत एक नई पहल शुरू की है, जिसमें 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को सुलभ एवं उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के उद्देश्य से समर्पित है। योजना का शुभारंभ 29 अक्टूबर 2024 को किया गया। 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के पात्र वरिष्ठ नागरिक अब राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण के पोर्टल https://beneficiary.nha.gov.in या आयुष्मान ऐप https://play.google.com/store/apps/details?id=com.beneficiaryapp के माध्यम से भी अपना पंजीकरण कर सकते हैं। हितग्राही स्वयं सेल्फ रजिस्ट्रेशन विकल्प का चयन कर घर बैठे ही अपना कार्ड बना सकते हैं।
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वरिष्ठ नागरिकों के लिए वय वंदना कार्ड
डॉ भरसट ने बताया कि वरिष्ठ नागरिकों को "वय वंदना कार्ड" नामक एक विशिष्ट कार्ड जारी किया जा रहा है। जो वरिष्ठ नागरिक 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के हैं और जिनके परिवार पहले से आयुष्मान भारत योजना के तहत कवर हैं, उन्हें इस कार्ड के माध्यम से अतिरिक्त ₹5 लाख तक की वार्षिक टॉप-अप कवरेज मिलेगी। यह टॉप-अप केवल वृद्धजनों के लिए है और परिवार के अन्य सदस्यों (जो 70 वर्ष से कम आयु के हैं) के साथ साझा नहीं किया जा सकेगा।

वय वंदना कार्ड के लिये पुनः पंजीयन करना अनिवार्य 
डॉ भरसट ने बताया कि पहले से रजिस्टर्ड आयुष्मान हितग्राहियों को “वय वंदना कार्ड” के लिए पुनः पंजीकरण करना होगा। वय वंदना कार्ड प्राप्त करने पर वरिष्ठ नागरिकों को  5 लाख का अतिरिक्त टॉप-अप मिलेगा, जिससे कुल 10 लाख तक का स्वास्थ्य कवरेज मिल सकेगा। यह अतिरिक्त टॉप-अप केवल वृद्धजनों के लिए ही होगा, जबकि परिवार के अन्य सदस्यों को पूर्व निर्धारित 5 लाख का कवरेज मिलेगा। 70 वर्ष और उससे अधिक आयु के अन्य सभी वरिष्ठ नागरिकों को पारिवारिक आधार पर 5 लाख तक की वार्षिक कवरेज प्रदान की जाएगी।

इनको एक विकल्प का करना होगा चयन 
डॉ भरसट ने बताया कि जो वरिष्ठ नागरिक केंद्रीय सरकारी स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस), पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ईसीएचएस), या आयुष्मान सीएपीएफ जैसी अन्य सार्वजनिक स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं, उन्हें अपनी मौजूदा योजना या आयुष्मान भारत योजना में से किसी एक का चयन करना होगा। निजी स्वास्थ्य बीमा योजना या कर्मचारी राज्य बीमा (ESI) योजना में शामिल वरिष्ठ नागरिक भी आयुष्मान योजना के तहत लाभ ले सकेंगे।

ई-केवाईसी के लिए तीन माध्यम उपलब्ध 
डॉ भरसट ने बताया कि वरिष्ठ नागरिकों की पहचान के लिए योजना में आधार कार्ड को मुख्य दस्तावेज माना गया है। ऐसे नागरिक जिनके आधार कार्ड पूर्ण जन्मतिथि न होकर जन्मवर्ष है, उन्हें 1 जनवरी 2025 को आधार मानकर 70 वर्ष पूर्ण होने पर पात्र माना जायेगा। हितग्राहियों की पहचान के लिए थंब इम्प्रैशन, आईरिस स्कैन और मोबाइल ओटीपी तीन माध्यम का प्रावधान है, ताकि सहजता से हितग्राहियों का चिन्हांकन किया जा सके।
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